

इसलिए पंचायत स्तर पर बेटियों के पोस्टर्स लगने से लोग अपनी बेटियों को भी इन पोस्टर गर्ल्स की तरह बनने के लिए प्रेरित करेंगे और अच्छे से पढ़ाई, खेलकूद या बेटियों की पसंदीदा गतिविधि में सहयोग देंगे। इन पोस्टर्स में खेलकूद, संस्कृति, नौकरीपेशा, व्यवसाय, पढ़ाई आदि में मुकाम हासिल करने वाली बेटियों के फोटो लगाए जाएंगे। इसके साथ ही बेटियों की नेम प्लेट घरों के बाहर लगाईं जाएंगी। सीडीपीओ हमीरपुर ने इस योजना को बनाया और डीपीओ ने इसे सरकार व जिला उपायुक्त की स्वीकृति को भेजा।
सरकार से स्वीकृति मिलने के बाद अब पंचायतों से बेटियों की जानकारी लेकर पोस्टर्स बनाना शुरू हो गए हैं। इससे बेटियों के प्रति लोगों की सकारात्मकता बढ़ेगी। सीडीपीओ हमीरपुर बलवीर बिरला का कहना है कि पोस्टर्स बन रहे हैं, इन्हें जल्द पंचायतों में चस्पां करेंगे। जिला कार्यक्रम अधिकारी एचसी शर्मा का कहना है कि यह बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ की दिशा में बेहतरीन प्रयास है।
