
रामपुर बुशहर।(संदीप वर्मा ) विस्थापित कल्याण समिति नाथपा झाकड़ी परियोजना के विस्थापितों का क्रमिक अनशन सोमवार को 11वें दिन भी जारी रहा। सोमवार को नाथपा झाकड़ी ज्यूरी के सैकड़ों विस्थापितों ने एनजेपीसी प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की। परियोजना के मुख्य द्वार से झाकड़ी मैन बाजार तक रैली निकाली। विस्थापितों ने रैली के माध्यम से प्रबंधन के खिलाफ रोष प्रकट किया।
इससे पहले अनशन स्थल पर पूरे क्षेत्र के लोग जमा हुए। जहां पर समिति के प्रधान कुशाल मेहता, सतीश शर्मा, बिशना भंडारी, भगत राम भारती, गुड्डू राम, बलदेव पराशर और नीतिश नेगी ने कहा कि परियोजना प्रबंधन की ओर से विस्थापितों के साथ पिछले 22 सालों से अन्याय किया जा रहा है। प्रबंधन विस्थापितों को गुमराह कर रहा है। उन्होंने कहा कि 1500 मेगावाट प्रोजेक्ट में विस्थापितों में से केवल 62 लोगों को ही रोजगार दिया है। समिति ने परियोजना प्रबंधन पर आरोप लगाते हुए कहा कि प्रबंधन द्वारा जो सैकड़ों बीघा भूमि विस्थापितों को दी गई थी, उस पर परियोजना प्रबंधन ने विश्व बैंक से लाखों अरबों का लोन ले रखा है। प्रबंधन द्वारा जो अस्पताल खोला गया है, उसमें भी दवाइयां नहीं मिलती। समिति के प्रधान कुशाल मेहता का कहना है कि यदि विस्थापितों की मांगों को जल्द से जल्द नहीं माना गया तो लोगों द्वारा आमरण अनशन पर बैठ जाएंगे। उन्होंने भाजपा और कांग्रेस पर अनदेखी करने का आरोप लगाया। रैली में बीडीसी झाकड़ी गोपी नेगी, व्यापार मंडल के अध्यक्ष मूर्त चौहान, जीवा नंद, होशियार सिंह चौहान, मस्त राम, लाल चंद शर्मा आदि शामिल रहे।
