
खराहल (कुल्लू)। कुल्लू जिले में विदेशी फलों के साथ-साथ सब्जियों की खेती भी बड़े पैमाने पर होने लगी है। सब्जियों को उगाने के लिए कृषि विभाग समय-समय पर किसानों को प्रेरित करता रहा है। इन सब्जियों की मांग सितारा होटलों और रेस्तरां में भी अधिक रहती है। रेयर वेजिटेबल के नाम से विख्यात इन सब्जियों की राज्य से बाहर और सूबे के तमाम पर्यटन स्थलों में अच्छी मांग है। विदेशी और देश के हाई क्लास टूरिस्ट ऐसी सब्जियों की ज्यादा मांग करते हैं। अधिकतर सितारा होटलों में ऐसी सब्जियों के लजीज व्यंजन परोसे जा रहे हैं। चोखी कमाई होने से किसानों का रुझान इन सब्जियों की खेती की ओर बढ़ने लगा है। ऐसे में कुल्लू के किसान विदेशी सब्जियों का उत्पादन बडे़ पैमाने पर कर रहे हैं। जिले की सैकड़ों बीघा भूमि पर किसान ब्रोकली, ब्रेसल, सेलरी, लाल बंद गोभी, एस पेरागस तथा टमाटर चेरी जैसे हाई वेल्यू क्रॉप्स कहलाई जाने वाली सब्जियां उगाकर अपनी आर्थिकी मजबूत कर रहे हैं। कृषि विशेषज्ञों के मुताबिक इन सब्जियों की पैदावार के लिए जिले की जलवायु अनुकूल है। किसान संजय, अमित, सुरेश, कमल, रमेश, नितिन तथा किशोर ने बताया कि वे कुछ वर्ष से विदेशी सब्जियों की खेती कर रहे हैं। उनका कहना है कि कमाई अधिक होने के साथ-साथ मेहनत भी कम लगती है। बडे़ शहरों के पांच सितारा सितारा होटलों में इन सब्जियों की अधिक मांग रहती है। जिला कृषि विभाग के उपनिदेशक बीएल शर्मा के मुताबिक कुल्लू के किसान इनकी पैदावार कर अच्छी रकम कमा रहे हैं। मनाली स्टेक होल्डर एसोसिएशन अध्यक्ष गजेेंद्र ठाकुर कहते हैं कि सैलानी इन सब्जियों की मांग अधिक करते हैं। मंहगी होने के बावजूद इनकी मांग में इजाफ ा हो रहा है।
