
ऊना। जिले में एकाएक ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। दो दिन के भीतर ही ऊना का पारा 2 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है। बढ़ती सर्दी का मुख्य कारण ऊपरी क्षेत्रों में हुए हिमपात को माना जा रहा है। सुबह-शाम चल रही शीत लहर ने लोगों की मुश्किलें भी बढ़ा दी हैं। दिन ब दिन पारे में गिरावट से जनजीवन भी प्रभावित होने लगा है। बदले मौसम के मिजाज को देखते ही स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो गया है।
बाजारों में दुकानदारों को जगह-जगह आग सेंकते देखा जा सकता है। स्थानीय निवासी अश्वनी कुमार, नानक चंद, अजय शर्मा, राज कुमार, महेश जोशी, रजत, गौरव, दीपू, विशाल और जुल्फी राम का कहना है कि सुबह-शाम चलने वाली ठंडी हवाओं ने हर वर्ग को परेशान करके रख दिया है। वहीं, बढ़ती सर्दी से खांसी, जुकाम, बुखार आदि कई प्रकार के रोग लोगों को अपनी चपेट में लेने लगे हैं। हालत ऐसी है कि रोजाना अस्पतालों में ज्यादातर लोग सर्दी जनित रोगों की चपेट में आने के कारण पहुंच रहे हैं। चिकित्सा विभाग के अधिकारियाे ने लोगों को ठंड से बचाव करने की हिदायतें दी हैं। आलम ऐसा है कि धूप खिली होने के बावजूद लोग हवाओं के चलते घरों में हीटर और ब्लोअर आदि उपकरणों से ठंड का बचाव करते दिख रहे हैं। मौसम विभाग के कार्यकारी अधिकारी विनोद शर्मा ने अंदेशा जताया है कि आने वाले पारे में गिरावट आने की संभावनाएं प्रबल हैं।
घेर सकते हैं कई रोग
जिला चिकित्सा अधिकारी जीआर कौशल का कहना है कि ठंड की चपेट में आने से बच्चों को इंफेक्शन जैसी घातक बीमारियां घेर सकती हैं। सर्दी सेहत के लिए अत्यंत हानिकारक है। इसलिए सर्द हवाओं से भी खुद को बचाकर रखें।
