केजरीवाल का मास्टर स्ट्रोक, बैकफुट पर बीजेपी-कांग्रेस

दिल्ली में सरकार बनाने को लेकर आज अरविंद केजरीवाल ने उपराज्यपाल नजीब जंग से मुलाकात की।

इस मुलाकात के बाद आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक और विधायक दल के नेता केजरीवाल ने जो तेवर दिखाए उसने सारे विरोधियों को सकते में डाल दिया।

केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली विधानसभा के नतीजों के मुताबिक भाजपा 32 सीटों के साथ सबसे बड़ी पार्टी थी और उपराज्यपाल ने बीजेपी को सरकार बनाने के लिए बुलाया भी था लेकिन वो अपनी जिम्मेदारी से भाग गई।

उन्होंने कटाक्ष किया कि 4 सीटें खरीदना बीजेपी के लिए बाएं हाथ का खेल था। उसके ‌लिए पार्टियों को तोड़ना कोई बड़ी बात नहीं थी।

केजरीवाल ने कहा “बीजेपी का कहना है कि वो जोड़ तोड़ में भरोसा नहीं रखती। आप के लिए यही बड़ी जीत है।”

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केजरीवाल ने उपराज्यपाल से मुलाकात के बाद कहा कि हम इस बात पर कायम हैं कि हम न समर्थन देंगे न लेंगे।

केजरीवाल ने बताया कि देर रात कांग्रेस ने बिना शर्त समर्थन की एक चिट्ठी उपराज्यपाल को सौंपी है। इससे उनकी पार्टी को आश्चर्य हुआ।

केजरीवाल ने कहा कि कोई सपोर्ट बिना शर्त नहीं होता। बीजेपी भी हमें मुददों के आधार पर समर्थ देने को तैयार है। लेकिन इस सबके पीछे दोनों की नीयत क्या है। ये जनता के सामने आना जरूरी है।

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उन्होंने बीजेपी पर हमला बोलते हुए कहा कि उसकी मंशा तो जगजाहिर है। कभी वे हमें जिम्मेदारी से भागने वाला कहते हैं तो कभी कांग्रेस की बी टीम।

किसी को दिल्ली की जनता की चिंता नहीं है। इसलिए हमने सबको बेनकाब करने के लिए एक चिट्ठी लिखी। ये चिट्ठी सोनिया और राजनाथ को लिखी गई है।

उन्होंने कांग्रेस को भी नहीं बख्शा और कहा कि जो कांग्रेस हमें बिना शर्त समर्थन की बात कह रही है उसी के भ्रष्टाचार और नाकारापन की वजह से आप का जन्म हुआ है।

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केजरीवाल ने कहा कि सारी समस्याएं तो कांग्रेस-बीजेपी की देन हैं। इन्हीं दोनों की वजह से हम त्रस्त हैं और हमने 17 मुद्दों की चिट्ठी इन दोनों के पास भेजी है।

इन सब मुद्दों पर इनकी स्पष्ट राय मिलने के बाद इसे जनता के सामने रखा जाएगा और फिर जो जनता कहेगी उसके आधार पर हम आगे बढ़ेंगे।

arvind kejriwal

केजरीवाल ने अपनी चिट्ठी में कहा कि इस मामले में गोलमोल जवाब देने की जरूरत नहीं। इस तरह के जवाब नहीं चलेंगे कि जब ये मुद्दे में सदन में आएंगे तब इस पर वे अपनी राय बताएंगे।

केजरीवाल ने कहा कि कांग्रेस और बीजेपी इन मुद्दों पर अपनी जो राय देती है उसके आधार पर फैसला किया जाएगा।

केजरीवाल ने कहा कि 17 मुद्दों पर कांग्रेस और बीजेपी की राय आ जाने के बाद हम जनसभाओं में इसे रखेंगे और जो जनता को मंजूर होगा उसके आधार पर आगे फैसला लिया जाएगा।

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