
ऊना। उद्योगमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा है कि ऊना जिला शिक्षा का एक बहुत बड़ा केंद्र बनने जा रहा है और जिले में 122 करोड़ की लागत से देश के 12वें भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान की स्थापना से यह जिला सूचना प्रौद्योगिकी के अंतरराष्ट्रीय मानचित्र पर भी प्रमुखता से अंकित हो जाएगा। जिला के सलोह में यह संस्थान बनेगा। उद्योगमंत्री शनिवार को इंदिरा स्टेडियम में छात्राओं की अंडर-14 राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिता के समापन अवसर पर खिलाड़ियों एवं उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर रहे थे। प्रतियोगिता में प्रदेश के सभी 12 जिलों की करीब 800 छात्राओं ने भाग लिया। अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा के साथ-साथ खेलों के विकास पर भी विशेष बल दे रही है। प्रदेश में इस वर्ष शिक्षा पर 3836 करोड़ रुपये और खेलों के विकास पर 24 करोड़ व्यय किए जा रहे हैं। हिमाचल प्रदेश देश का ऐसा पहला राज्य है, जिसने सभी सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को घर से स्कूल तथा स्कूल से घर तक परिवहन निगम की बसों में नि:शुल्क यात्रा सुविधा प्रदान की है। उन्होंने कहा कि राजीव गांधी डिजिटल छात्र योजना के अंतर्गत दसवीं तथा बारहवीं कक्षा के पांच हजार मेधावी छात्रों को निशुल्क नेटबुक प्रदान करने का भी सरकार ने निर्णय लिया है। इसके अलावा सरकार ने यह फैसला भी किया है कि हिमाचल प्रदेश से आईआईआईटी तथा आईआईएम जैसे प्रतिष्ठित राष्ट्रीय संस्थान में दाखिला पाने वाले छात्रों को सरकार द्वारा 75 हजार रुपये दिए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश के शिक्षित बेरोजगार युवाओं के लिए कौशल विकास योजना आरंभ की गई है। योजना से इस वर्ष प्रदेश के 83 हजार युवा लाभान्वित होंगे तथा चालू वित्त वर्ष में सरकार इस योजना पर 100 करोड़ रुपये खर्च करने जा रही है। पांच वर्षों में योजना पर 500करोड़ रुपये व्यय किए जाएंगे। योजना के अंतर्गत 18 से 35 वर्ष आयु वर्ग के पात्र शिक्षित बेरोजगार युवाओं को 1000 रुपये प्रतिमाह की दर से कौशल विकास भत्ता दिया जाएगा। 50 प्रतिशत विकलांग होने की स्थिति में यह भत्ता 1500 रुपये प्रतिमाह की दर से देय होगा।
