
पंजावर (ऊना)। ईसपुर गांव के चरांद क्षेत्र में बनी झुग्गियों में रहने वाले प्रवासी लोगों के खिलाफ लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान लोगों ने प्रशासन के खिलाफ भी जमकर नारेबाजी की। मंगलवार को हुए विरोध प्रदर्शन में दर्जनों लोगों ने हिस्सा लिया। ईसपुर पंचायत के पूर्व प्रधान मान सिंह की अगुवाई में प्रदर्शन के दौरान लोगों ने कहा कि चरांद क्षेत्र में करीब 100 झुग्गी झोंपड़ियां हैं। मान सिंह ने कहा कि झुग्गियों में रहने वाले लोग ही क्षेत्र में आपराधिक वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। चोरी की वारदातों में बढ़ोतरी में भी इन्हीं लोगों का हाथ है। इससे पूर्व हुई कई वारदातों में भी झुग्गियों में रहने वाले लोगों की संलिप्तता पाई गई है। मान सिंह ने चंबोआ व भैरा जैसी वारदातों का उदाहरण देते हुए कहा कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में बढ़ रही आपराधिक वारदातों में यही लोग पकड़े जा रहे हैं। कभी झुग्गियों में रहने वाले लोग साधु का भेष धरकर घूमते हैं तो कभी संदिग्धों की तरह क्षेत्र में घूमकर रेकी करते रहते हैं। चरांद क्षेत्र में रह रहे प्रवासियों से स्थानीय लोगों तथा आसपास के लोगों को खतरा बना हुआ है। मान सिंह ने कहा कि ग्रामीणों ने एसडीएम ऊना से भी इन लोगों को यहां से हटाने की मांग की थी। एसडीएम को 15 सितंबर तक इन लोगों को हटाने के लिए कहा था। उन्होंने कहा कि एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा भी लिया था। 15 सितंबर बीत जाने के बाद भी झुग्गी झोंपड़ियों को यहां से हटाया नहीं गया। इस धरना प्रदर्शन में गुरमीत कौर, शिव नाथ, व्यास देव, जगन, सोम नाथ, प्रमोद, बीरबल, चरण दास, ध्यानचंद व हेमराज समेत दर्जनों लोग मौजूद रहे।
फंसाने की धमकी भी दी
मान सिंह ने कहा कि एसडीएम के दौरे के दौरान प्रवासियों ने यह भी धमकी दी थी कि हम अपनी झुग्गियों को आग लगा देंगे और इल्जाम ग्रामीणों पर थोपेंगे। मान सिंह ने कहा कि यदि प्रवासी कभी भी इस तरह का कदम उठाते हैं तो इसके लिए ग्रामीण उत्तरदायी नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि इस संदर्भ में एसपी ऊना को भी सूचित किया गया है।
