
शिमला। निजी बस ऑपरेर्ट्स ने परिवहन मंत्री जीएस बाली की हड़ताल वापसी की अपील खारिज कर दी है। 26 अगस्त को प्रदेशव्यापी हड़ताल करने का फैसला किया है। निजी बस आपरेर्ट्स की संयुक्त समन्वय समिति के सदस्य पंकज चौहान ने बताया कि सरकार के सभी अधिकारियों से वे अपनी मांगों को लेकर कई बार मिल चुके हैं, लेकिन उनकी मांगों को लेकर सरकार गंभीर नहीं दिख रही है। ऐसे में परिवहन मंत्री की हड़ताल वापसी की अपील को मानने का कोई मतलब ही नहीं बनता है। उन्होंने बताया कि वे किसी भी स्तर पर बातचीत नहीं करेंगे और सोमवार 26 अगस्त को 3500 बसें किसी भी कीमत पर नहीं चलाई जाएंगी। प्रदर्शन के बाद जो नतीजे आएंगे उसके आधार पर आगामी रणनीति ऊना में प्रदेश स्तरीय बैठक में तय होगी। निजी बस ऑपरेर्ट्स की प्रमुख मांगों में न्यूनतम किराया दो रुपये से पांच रुपये करना और किराया बढ़ोतरी शामिल हैं। समिति के अन्य सदस्य जितेंद्र राणा, पूर्ण कालटा, मनोज, ममराज, भजन चौधरी, राजेश पराशर, अश्विनी सेनी, प्रभात चंदेल, शेरचंद ठाकुर, खेलचंद नेगी, रामकृष्ण शर्मा और विरेंद्र गुलेरिया ने परिवहन मंत्री पर किराये के मामले में जनता को गुमराह करने का आरोप लगाया है। इसके अलावा उन्होंने बताया कि हड़ताल के दौरान यात्रियों को होने वाली परेशानी के लिए सरकार व उनका तंत्र जिम्मेवार होगा, वे नहीं। निजी बस ऑपरेर्ट्स की हड़ताल को आल हिमाचल कामर्शियल व्हीकल ज्वाइंट एक्शन कमेटी ने भी समर्थन दिया है।
