
चंबा। जम्मू-कश्मीर से सटे चंबा बार्डर पर पुलिस फोर्स ने मुस्तैदी से मोर्चा संभाल लिया है। ऊपरी इलाकों में बर्फ पिघलने ही 11 निगरानी चौकियों पर पुलिस बल तैनात कर दिया है। यह तैनाती दो सप्ताह पहले ही हुई है। पांगी-चंबा रोड पर साच पास के इलाकों में भारी बर्फ जमे होने के कारण यहां की दो चौकियां अभी बंद ही रखी गई हैं। यहां अगले माह तक पुलिस फोर्स तैनात की जाएगी। साच पास की सतरूंडी व पांगी की बगोटू चौकी को छोड़कर शेष 11 चौकियों पर पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है। इनमें से कुछ ऐसी चौकियां है, जिनमें जवानों का कड़ा पहरा रहता है। दिसंबर में बर्फबारी शुरू होने के साथ चौकियों को निचले क्षेत्रों में स्थापित किया जाता है। गृह मंत्रालय के आदेशों के बाद आइटीबीपी के हटने के बाद से यह पहला अवसर है, जब हिमाचल पुलिस के जवान सीमावर्ती चौकियों पर मोर्चा संभालेंगे। जम्मू-कश्मीर में आतंकी वारदातों को देखते हुए चंबा सीमा पर कड़ी मुस्तैदी की जरूरत बताई जा रही है। इसके अलावा पुलिस को ग्रामीणों का भय भी दूर करना है। आईटीबीपी के हटने के बाद सीमावर्ती क्षेत्रों के ग्रामीण पुलिस अधिकारियों के समक्ष सुरक्षा को लेकर चिंता जाहिर कर चुके हैं। साच दर्रा खुलने के बाद इस रास्ते पांगी घाटी जाने वाले लोगों की सतरूंडी चौकी में जांच पड़ताल की जाती है। आने जाने वालों की वीडियोग्राफी की जाती है। इस रास्ते से घुसपैठ का ज्यादा खतरा रैहता है। डीएसपी हेडक्वार्टर जितेंद्र चौधरी ने बताया कि सीमावर्ती चौकियों में पूरी चौकसी बरती जा रही है। ेसतरूंडी में अधिक बर्फ होने के कारण चौकी बैरागढ़ में चल रही है। आंतकी घटना की गवाह रह चुकी जम्मू कश्मीर से सटी सीमाओं में मौजूद चौकियों में स्पेशल पुलिस आफिसर सहित 25-30 जवान दिन रात कड़ा पहरा दे रहे हैं। एक चौकी में 1 एएसआइ, दो हैड कांस्टेबल, 12 कांस्टेबल, 10 एसपीओ ( स्पेशल पुलिस आफिसर)
तैनात किए गए हैं।
इन चौकियों पर तैनात हुई फोर्स
किहार क्षेत्र की राजा का डेरा, गमगोल, गढ़ माता, खुंडी मराल, गुल्लु दी मंडी, तीसा क्षेत्र की नोडल धार, सियूला, मंगली, दपड़, आयल व पांगी घाटी के संसारी नाला व पुर्थी चौकी में हिमाचल प्रदेश पुलिस के जवान दिन रात पहरे पर तैनात हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में जवान हर गतिविधि पर नजर रखे हुए हैं।
