
कुल्लू। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में अब मरीजों को अत्याधुनिक सुविधाएं मिलेंगी। यही नहीं कुल्लू अस्पताल में दूरबीन विधि से सर्जरी भी संभव हो पाएगी। इसके लिए कुल्लू अस्पताल प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस पर 81 लाख 32 हजार 684 रुपये खर्च होंगे।
कुल्लू अस्पताल पर कुल्लू के अलावा मंडी और लाहौल-स्पीति जिला के मरीजों के उपचार की जिम्मेवारी है। लेकिन सुविधाओं की कमी के चलते जटिल आपरेशन के केसों को जिला से बाहर रेफर करना पड़ता है। अब नई सुविधाएं मिलने के बाद मरीजों को यह परेशानी नहीं झेलनी पड़ेगी। एसएमओ डा. कमल कपूर ने बताया कि अस्पताल प्रशासन 81 लाख 32 हजार 684 रुपये उपकरण खरीदने पर खर्च करेगा। इस राशि में मरीजों को दूरबीन सिस्टम से सर्जरी सुविधा भी प्रदान की जाएगी। आटोमैटिक बल्ड एनलाइजर भी स्थापित होंगे। पांच बेड साइज मानिटरों की व्यवस्था की जा रही है। इस सिस्टम के फिट होने से मरीजों को तमाम सुविधाएं बिस्तर पर ही मिलेंगी। हार्ट के मरीजों के लिए वेंटिलेटर सुविधा भी जल्द मिलेगी। इसके अलावा दुर्घटनाओं के दौरान पहुंचने वाले मरीजों की दवाइयों के लिए छह लाख रुपये का प्रावधान भी किया है। बायो मेडिकल मैनेजमेंट पर 3 लाख रुपये खर्च होंगे। एसएमओ डा. कमल कपूर ने कहा कि क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू तीन जिलों को स्वास्थ्य सुविधा प्रदान करता है। उन्होंने बताया कि मरीजों को बेहतरीन सुविधा प्रदान की जाएगी। अब मरीजों को इधर उधर भटकने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
रिक्त पदों से परेशानी भी साथ
कुल्लू अस्पताल में भले ही अत्याधुनिक सुविधाएं मुहैया करवाने की कवायद शुरू हो चुकी है लेकिन चिकित्सकों के रिक्त पड़े पदों के चलते अस्पताल प्रशासन को खासी परेशानी झेलनी पड़ रही है। हर रोज मरीजों की संख्या में भारी बढ़ोतरी हो रही है। ओपीडी में तैनात एक-दो डाक्टर भी मरीजों का उपचार करने के लिए कम पड़ रहे हैं। मरीजों को निजी अस्पताल या मंडी-शिमला और चंडीगढ़ जाने को मजबूर होना पड़ता है। लिहाजा अत्याधुनिक उपकरणों की खरीद के साथ रिक्त पदों को भरना भी जरूरी है।
