
हमीरपुर। विकास खंड बिझड़ी के अंतर्गत ग्राम पंचायत गारली की प्रधान को निलंबित कर दिया गया है। उपायुक्त हमीरपुर ने पंचायत प्रधान के निलंबन आदेश जारी किए हैं। प्रधान पर कर्त्तव्यों का पालन न करने तथा वित्तीय अनियमितता के मामलों में दोषी पाए जाने के पश्चात पंचायती राज अधिनियम के तहत कार्रवाई की गाज गिरी है। पंचायत प्रधान के निलंबन आदेश शनिवार को जारी हुए हैं।
ग्राम पंचायत गारली के लोगों ने ही पंचायत प्रधान पर वित्तीय अनियमितता और मनमर्जी करने के आरोप लगाए थे। विभाग से शिकायत भी की थी। जांच के दौरान वार्ड सदस्यों ने भी प्रधान की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल खड़े किए थे। पंचायत में पूर्व में कार्यरत रहे एक सचिव ने भी विभाग से शिकायत की थी। विभाग ने प्राप्त शिकायत के आधार पर जांच शुरू की गई। प्रारंभिक जांच का जिम्मा खंड विकास अधिकारी को सौंपा गया था। जांच रिपोर्ट में प्रधान पर लगे आरोपों की पुष्टि हुई। उन्हें कर्त्तव्यों का सही ढंग से पालन न करने और वित्तीय अनियमितता का दोषी पाया गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर पंचायती राज अधिनियम के तहत उपायुक्त की ओर से प्रधान को कारण बताओ नोटिस जारी कर पक्ष रखने का समय दिया गया। प्रधान की ओर से प्राप्त उत्तर को असंतोषजनक पाया गया। तत्पश्चात विभाग ने पंचायती राज अधिनियम के तहत पंचायत प्रधान को निलंबित किया है।
उपायुक्त हमीरपुर आशीष सिंहमार ने पंचायत प्रधान को निलंबित किए जाने की पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि प्रधान को जांच में दोषी पाया गया था। इसके आधार पर पंचायती राज अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई है।
