
नई दिल्ली
दिल्ली-एनसीआर में बिकने वाला गांजा एंबुलेंस में भरकर आंध्र प्रदेश के विशाखापट्नम से लाया जा रहा था जबकि मुख्य गांजा तस्कर हवाई जहाज में सवार होकर आंध्र प्रदेश से दिल्ली पहुंचता था। जी हां, उतरी-जिला स्पेशल स्टाफ पुलिस ने गैंग सरगना समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर नशे के इस कारोबार का पर्दाफाश किया है।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान आंध्र प्रदेश निवासी शोलई राज उर्फ अन्ना (66), पोलेजू बाबू राव (30), गुडेपू नागेश्वरा राव (26) और दिल्ली निवासी रमेश (36) के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के पास से कुल 181 किलो गांजा बरामद किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में गांजे की कीमत 1.80 करोड़ रुपये बताई जा रही है। पुलिस पकड़े सभी आरोपियों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
उतरी जिला पुलिस उपायुक्त अंटो अल्फोंस ने बताया कि पिछले कुछ दिनों से पुलिस ने नशे का धंधा करने वालों के खिलाफ अभियान चलाया हुआ था। इसके तहत पहले राजीव नामक बदमाश को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद सारिका, सीमा, रोमा व अन्यों को पकड़ा गया। छानबीन के दौरान स्पेशल स्टाफ की टीम को सूचना मिली कि शनिवार को कुछ बदमाश आंध्र प्रदेश से एंबुलेंस में गांजा लेकर दिल्ली के मोरी गेट इलाके में सप्लाई करने वाले हैं। सूचना के बाद दोपहर करीब 12.45 बजे पुलिस ने देखा कि मोरी गेट पर तीन लोग प्लास्टिक के कट्टों के पास मौजूद हैं। कुछ ही देर बाद चौथी शख्स भी वहां पहुंच गया। पुलिस ने तुरंत छापेमारी कर चारों आरोपियों को दबोच लिया।
पकड़े गए आरोपियों में शोलई राज, पोलेजू बाबू राव और गुडेपू नागेश्वर राव के अलावा दिल्ली निवासी रमेश शामिल था। पूछताछ के दौरान गैंग सरगना शोलई राज ने बताया कि वह आंध प्रदेश में अर्जुन नामक शख्स से गांजा खरीदकर उसे एंबुलेंस के जरिए दिल्ली भेजता था। पोलेजू और गुडेपू एंबुलेंस के साथ आंध प्रदेश से दिल्ली आते थे। शोलई खुद हवाई जहाज से दिल्ली पहुंचता था। बाद में गांजे को बेचकर तीनों वापस लौट जाते थे। पुलिस पकड़े गए आरोपी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
