
चंडीगढ़

पंजाब सरकार ने शहीद सैनिकों के परिवारों के लिए एक्स ग्रेशिया की रकम 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये करने का फैसला किया है। यह जानकारी मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ट्वीट कर दी। अपने ट्वीट में उन्होंने कहा कि सैन्य कार्रवाई में शहीद हुए सैनिकों के लिए एक्सग्रेशिया की रकम को 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये करने और शहीद के अगले वारिस को एक सरकारी नौकरी का फैसला किया है।
उन्होंने कहा कि हम अपने बहादुर सैनिकों के लिए कम से कम इतना तो कर सकते हैं। राज्य सरकार अब तक शहीद सैनिकों के परिवारों को 10 से 12 लाख रुपये एक्सग्रेशिया के रूप में देती थी। हालांकि इसके साथ ही शहीद के वारिस को सरकारी नौकरी भी दी जाती थी।
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शहीद के परिवार को 10 से 12 लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का निर्णय अंतिम बार 1999 में लिया गया था। बुधवार को मुख्यमंत्री ने नायब सूबेदार सतनाम सिंह और मनदीप सिंह के परिवारों के लिए 10-12 लाख रुपये और सिपाही गुरतेज सिंह और गुरबिंदर सिंह के लिए 10-10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि की घोषणा की थी। इसके अलावा इन शहीदों के एक-एक वारिस को सरकारी नौकरी का एलान किया था। लद्दाख की गलवां घाटी में चीनी सैनिकों के साथ संघर्ष में शहीद 20 जवानों में चार सैनिक पंजाब के थे।
