
साल 2015 टीम इंडिया के लिए अभी तक अनलकी रहा है। सबसे पहले बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी सीरीज में टीम इंडिया की टेस्ट में बुरी गत रही। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एक मैच जीतने के लिए भी टीम इंडिया ने काफी संघर्ष किया लेकिन नहीं जीत पाए।
उसके बाद 15 जनवरी से शुरू हुए त्रिकोणीय सीरीज में टीम इंडिया ने एक बार फिर मुंह की खाई। एक बार ऑस्ट्रेलिया और दो बार इंग्लैंड के हाथों करारी हार के बाद टीम इंडिया इस सीरीज में भी एक जीत के लिए तरसते हुए दिखी लेकिन जीत नसीब नहीं हो सकी।
हार के बाद टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने जैसे ही सार्वजनिक तौर पर कहा कि टीम काफी थक गई है और इसलिए वर्ल्ड कप से पहले उन्हें ब्रेक चाहिए। फिर क्या था बीसीसीआई ने तुरंत ही अपने फेवरेट कप्तान की ख्वाहिश पूरी करने में कोई कोर-कसर नहीं छोड़ी।
इन दिनों बीसीसीआई से तोहफा मिलने के बाद टीम इंडिया के खिलाड़ी अपनी बैटरी चार्ज कर रहे हैं।
