
बनबसा। पति और दो बच्चों को छोड़कर एक युवक के साथ भागकर आई महिला और युवक को पुलिस ने पकड़ कर रीड्स संस्था के हवाले कर दिया। संस्था के माध्यम से दोनों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है। महिला घर से करीब ढाई माह से लापता थी और उसकी गुमशुदगी उसके पति और पिता ने मनाल थाना (हिमाचल प्रदेश) में दर्ज कराई है।
बीते शुक्रवार को शारदा बैराज पुलिस ने एक महिला (26) और एक युवक (28) को नेपाल जाते समय पूछताछ के लिए रोका तो दोनों भागने लगे। कुछ दूरी पर पुलिस ने दोनों को पकड़ लिया। जरूरी पूछताछ के बाद दोनों को रीड्स संस्था के हवाले कर दिया गया। संस्था के परियोजना निदेशक जनक चंद ने बताया कि दोनों के परिजनों से संपर्क कर उन्हें बनबसा बुलाया गया था। रविवार को परिजनों के पहुंचने पर पुलिस की मौजूदगी में दोनों को उनके सुपुर्द कर दिया गया। थानाध्यक्ष प्रभात कुमार ने बताया कि हिमाचल प्रदेश की रहने वाली यह महिला करीब ढाई माह पहले अपने मायके से कान की दवा लाने की बात कहकर घर से निकली थी और उसके बाद से घर नहीं लौटी। जिस पर पति पवन कुमार और पिता गुड्डू राम ने हिमाचल के मनाल थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। वहां के सब डिविजनल मजिस्ट्रेट ने 12 फरवरी को उसके खिलाफ सर्च वारंट भी जारी किया हुआ है।
इनसेट (नोट – यह इनसेट सिर्फ जानकारी के लिए दिया जा रहा है, चाहें तो इस्तेमाल कर सकते हैं)
रीड्स संस्था का कार्य
इस संस्था का मुख्य काम नेपाल बार्डर पर पकड़े गए घर से भागे नाबालिग के अलावा पुरुष और महिला से पूछताछ और जरूरी जानकारी हासिल कर उन्हें सही सलामत उनके परिजनों के सुपुर्द करना है। यह संस्था लंबं समय से अपने काम के जरिए कई लोगों की मदद कर चुकी है। पुलिस भी घर से भागे लोगों को परिस्थिति अनुरूप इसी संस्था के हवाले कर देती है ताकि यह लोग गलत हाथों में न पड़ जाएं।
