
ऊना। जिला में वीरवार रात से हो रही बारिश से जनजीवन पूरी तरह से अस्तव्यस्त हो गया है। जिसके चलते लोगों को सुबह अपने कार्य क्षेत्रों तक पहुंचने मेें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं स्कूली छात्र भी सुबह भीगते हुए स्कूलों तक पहुंचे। सड़काें पर वाहनों की रफ्तार भी कम हो गई। हालांकि इस बारिश से किसानों को अवश्य राहत मिली है। कृषि कारोबार पर निर्भर हजारों किसानों के माथे पर छाई चिंता की लकीरें भी छंट गई हैं।
ऊना में वीरवार को आरंभ हुई भारी बारिश का दौर सुबह लगभग 11 बजे तक जारी रहा। किसानों में मंगल सिंह, तरसेम लाल, रामपाल भुल्ली, होशियार सिंह, प्रीतम चंद, लेखराज, किशोरी लाल, राजकुमार शर्मा, रामपाल प्रधान, राजेंद्र ठाकुर, सुरेंद्र राणा, सतीश चंद, राम सिंह, दीपक शर्मा हरबंस लाल और होशियार सिंह के अनुसार इस बार बीच-बीच के अंतराल के बाद हुई बारिश से गेहूं उत्पादन के अच्छे संकेत हैं। कई वर्षों मौसम की बेरुखी से किसानों को काफी आर्थिक नुकसान झेलने को मजबूर होना पड़ रहा है। किसानों ने उम्मीद जताई है कि यदि मौसम ठीक रहा था, तो इस बार अच्छी पैदावार होगी। बारिश की बूंदे फसलों के लिए संजीवनी बन कर बरसी हैं, जिससे फसलों को नई ऊर्जा मिली है।
इस संबंध में कृषि अधिकारी हरबंस राणा के अनुसार इस समय बारिश का होना फसलों के लिए बेहद लाभदायक है। विशेषकर असिंचित क्षेत्रों में बारिश से काफी राहत महसूस होगी।
