
ज्यूरी (शिमला)। सर्दी आते ही ज्यूरी के लोगों को बिजली कट की समस्या सताने लगी है। लंबे समय से बिजली की अघोषित कटौती की मार झेल रहे ज्यूरीवासियों को इस बार भी इस समस्या से निजात मिलने वाली नहीं है। ज्यूरी पंचायत के कोटला में बिजली बोर्ड का काफी बड़ा सब स्टेशन है। बावजूद इसके ज्यूरी की स्थिति दीपक तले अंधेरा जैसी है।
हर साल ज्यूरी की जनता अघोषित बिजली कटौती की मार झेलते आ रहे है। दरअसल, ज्यूरी को किन्नौर फीडर से जोड़ रखा है। ऐसे में किन्नौर और दुर्गम क्षेत्र पंद्रह बीस के किसी भी क्षेत्र में जब भी बिजली में खराबी आती है वैसे ही ज्यूरी क्षेत्र में उतनी बार बिजली के कट लगते रहते हैं। सर्द मौसम में तो ये समस्या और बढ़ जाती है। लोगों को कई घंटों अंधेरे में रहना पड़ता है। अब वार्षिक परीक्षाएं होने वाली हैं। ऐसे में छात्रों की पढ़ाई पर काफी बुरा असर पड़ता है। इसके साथ क्षेत्र के सरकारी, गैर सरकारी और व्यापारियों का कामकाज भी बुरी तरह प्रभावित होता है। ये स्थिति तब सुधरेगी जब ज्यूरी को किन्नौर फीडर से अलग किया जाएगा। ज्यूरी में कंट्रोल प्वाइंट ट्रिपिंग डिवाइस लगता है तो तभी ज्यूरीवासियों को समस्या से निजात मिल पाएगी। लेकिन ज्यूरी में बिजली बोर्ड ने प्रस्तावित कंट्रोल प्वाइंट का कार्य मुख्यमंत्री के आदेशों के बावजूद भी आज तक शुरू नहीं किया है।
उधर, बिजली बोर्ड रामपुर मंडल के अधिशासी अभियंता आरआर राणा का कहना है कि कंट्रोल प्वाइंट का कार्य जल्द शुरू हो जाएगा। वित्तीय मंजूरी मिलने वाली है। मंजूरी के बाद ही कार्य शुरू हो पाएगा।
