
पतलीकूहल (कुल्लू)। एलपीएस के लाहौली आलू ने कुल्लू में दस्तक दे दी है। लाहौली किसानों के इस उत्पाद का पतलीकूहल के समीप 15 मील में आलू ग्रांउड में भंडारण किया गया है। अभी तक लगभग चालीस हजार बोरियां यहां पहुंच चुकी हैं। खास बात यह है कि लाहौल में उगाए जाने वाली चंद्रमुखी और ज्योति नामक प्रजातियों के आलू को खाने के लिए नहीं, बल्कि देश-विदेश के किसानों के लिए बतौर बीज पैदा किया जाता है। इस बार आलू के बीज की भारी मांग के चलते एडवांस बुकिंग हो गई है। एलपीएस प्रबंधन आलू की खेप को खरीदारों तक पहुंचाने के लिए ट्रकों की व्यवस्था कर रहा है। बताया जा रहा है कि लाहौली आलू बीज के लिए पश्चिमी बंगाल और महाराष्ट्रा के अलावा पड़ोसी राज्य उत्तरांचल और यूपी से भी डिमांड आई है। एलपीएस के 15 मील स्टोर के इंचार्ज भागचंद ने बताया कि यहां पहुंच चुकी चालीस हजार बोरियों की डील फाइनल हो चुकी है। एलपीएस के चेयरमैन चेतन फुंचोंग का कहना है कि एलपीएस माली हालत सुधारने तथा पुराना रुतबा हासिल करने के लिए वह हरसंभव प्रयास कर रहे हैं। साथ ही लाहौल के विधायक रवि ठाकुर ने बताया कि एलपीएस समेत लाहौल के किसानों और बागवानों की सहायता को वे हर समय उपलब्ध हैं।
सर्जरी कैंप में 571 मरीजों की जांच
मनाली। सीविल अस्पताल मनाली में एनएचआरएम के तहत लगे तीन दिवसीय जनरल सर्जरी कैंप में 571 मरीजों की ओपीडी में जांच की गई। सीविल अस्पताल के वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी बलवीर रावल ने बताया कि भारत सरकार और हिमाचल सरकार कि एनएचआरएम स्कीम के सौजन्य से मनाली सीविल अस्पताल में जनरल सर्जरी कैंप का आयोजन किया गया। कैंप में 571 मरीजों के स्वास्थय की जांच की गई। इनमें से 57 मरीजों की विभिन्न प्रकार के रोगों की सर्जरी की गई। उन्होंने बताया कि कैंप के लीड़र डाक्टर एनएल कौंडल ने अपने सहयोगी डाक्टरों कि सहायता से 23 स्त्री रोग से संबंधित, जनरल सर्जरी के 23 व 23 आखों में सफेद मोतियां बिंद केे मरीजों की सर्जरी करवाई। इसके इलावा 15 मरीजों का अल्ट्रासाउंड और अस्पताल में आईवीपी जैसे स्पेशल टेस्टों को भी किया गया
