
उदयपुर (लाहौल स्पीति)। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने कहा कि ट्राइबल इलाके के लिए अलग तबादला नीति बनाई जाएगी। इसके बाद अगर कोई गलत तरीके से तबादला करता है तो उस अधिकारी व कर्मचारी की 20 साल तक प्रमोशन नहीं होगी। उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों के लिए स्थानांतरित किए गए अधिकारियों व कर्मचारियों के स्थानांतरण रद नहीं किए जाएंगे और समय पर ज्वाइन न करने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों की प्रमोशन भी रोक दी जाएगी। उन्होंने लोगों की मांग पर उदयपुर को ब्लॉक बनाने की मांग पर विचार करने का आश्वासन दिया है। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने यह घोषणा शुक्रवार को अपने दो दिवसीय लाहौल-स्पीति के दौरे के दौरान उदयपुर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कही।
उन्होंने कहा कि जनजातीय क्षेत्रों में विकास कार्यों को समय पर पूर्ण करवाने के लिए अधिकारियों की जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी और इसमें कोताही बरतने वाले अधिकारियों की लापरवाही की एंट्री सर्विस बुक में की जाएगी। लाहौल घाटी में कुछ योजनाओं के कार्यान्वयन में देरी का कड़ा नोटिस लेते हुए वीरभद्र सिंह ने कहा कि इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ जांच की जाएगी। उन्होंने कहा कि इसके दोषी ठेकेदारों को भी ब्लैकलिस्ट किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में रिक्त चल रहे चिकित्सकों व अध्यापकों के पदों को भी बर्फबारी से पहले भरने का बात कही है। इस मौके पर सांसद प्रतिभा सिंह, ठाकुर सिंह भरमौरी, स्थानीय विधायक रवि ठाकुर, पूर्व विधायक रघुवीर सिंह, उपायुक्त वीर सिंह ठाकुर, एसपी जी शिव कुमार, एसडीएम उदयपुर, टीएससी सदस्य प्यारे लाल शर्मा, युकां अध्यक्ष दीपक ठाकुर तथा सुरेश कारदो आदि उपस्थित थे
