
भोरंज (हमीरपुर)। सरकारी स्कूलों में मिड डे मील योजना के लिए मिलने वाले गैस सिलेंडर के दामों को लेकर शिक्षकों ने रोष व्यक्त किया है। एक हजार रुपये का सिलेंडर खरीदेंगे तो मिड डे मील के लिए निर्धारित बजट में योजना कैसे चल पाएगी। शिक्षक संघ ने मिड डे मील के लिए सब्सिडी पर गैस सिलेंडर उपलब्ध करवाने की मांग की। कुछ स्कूलों में शिक्षकों ने बाजार दामों पर गैस सिलेंडर खरीदा था, अतिरिक्त राशि के भुगतान के लिए मामला विभाग को भेजा गया लेकिन आज तक भुगतान नहीं हो पाया है। शिक्षकों को जेब से पैसे भरने पड़े हैं।
प्राथमिक शिक्षक संघ भोरंज खंड इकाई ने स्कूलों को घरेलू उपभोक्ताओं की तर्ज पर गैस सिलेंडर उपलब्ध करवाने की मांग की। स्कूलों को बाजार मूल्य पर गैस सिलेंडर देने के निर्णय का विरोध किया। संघ के खंड अध्यक्ष राजेश कुमार, महासचिव विलक्षण ठाकुर, कोषाध्यक्ष कुलतार सिंह, वरिष्ठ उप प्रधान सुमन कुमारी, संयुक्त सचिव राजेंद्र डोगरा, नंद किशोर नड्डा, ओंकार सिंह ने कहा कि पहले स्कूलों के लिए घरेलू गैस कीमतों पर सिलेंडर उपलब्ध करवाने की बात कही जा रही थी लेकिन अब स्कूलों में बाजार मूल्य पर गैस सिलेंडर मिल रहा है। मिड डे मील के तहत प्रति छात्र 3.34 रुपये बजट निर्धारित है लेकिन यदि एक हजार रुपये का सिलेंडर खरीदेंगे तो योजना कैसे चल पाएगी। स्कूलों का सारा बजट गड़बड़ा रहा है। पिछले साल भी कुछ स्कूलों में बिना सब्सिडी के सिलेंडर खरीदे थे लेकिन आजतक पैसे नहीं मिल पाए हैं। विलक्षण ठाकुर ने स्कूलों में मिड डे मील योजना के लिए घरेलू दरों पर सिलेंडर उपलब्ध करवाने की मांग की।
