
धर्मशाला। आईपीएच विभाग ने धर्मशाला उपमंडल के अंतर्गत 700 उपभोक्ताओं को डिफाल्टर घोषित कर दिया है। ये उपभोक्ता सालों से पानी का बिल दबाए बैठे हैं। विभाग ने उपभोक्ताओं से वर्तमान में 45 लाख रुपये से ज्यादा की रिकवरी करनी है। विभाग ने रिकवरी तहसीलदार के माध्यम से अपने पैसे की वसूली किए जाने का फैसला लिया है।
जानकारी के अनुसार विभाग धर्मशाला उपमंडल के तहत करीब 100 उपभोक्ताओं के कनेक्शन काट चुका है। बावजूद इसके उन्होंने बिल की अदायगी नहीं की है। विभाग ने इन उपभोक्ताओं से रिकवरी करने का फैसला लिया है। इन डिफाल्टर उपभोक्ताओं में करीब एक दर्जन सरकारी कार्यालय व 20 से ज्यादा निजी होटल भी शामिल हैं। जिन्होंने कई सालों से बिलों का भुगतान नहीं किया है। धर्मशाला व मैकलोडगंज में स्थित इन होटल मालिकों से भी कानूनी तरीके से वसूली की जाएगी। सालों से विभाग का पैसा दबाए बैठे इन सैकड़ों उपभोक्ताओं से विभाग ने अब वसूली को लेकर सख्ती का निर्णय लिया है। इसके लिए विभाग जिला उपायुक्त कार्यालय में तहसीलदार के जरिये रिकवरी करेगा। इसके अलावा कुछ समय से पेंडिंग बिलों की वसूली के लिए विभाग जल्द ही नोटिस भेजने की तैयारी में है। विभाग ऐसे उपभोक्ताओं को नोटिस जारी करने के कुछ दिनों बाद पानी का कनेक्शन काटने से गुरेज नहीं करेगा।
वहीं आईपीएच धर्मशाला उपमंडल के एसडीओ राजीव महाजन ने बताया कि डिफाल्टर उपभोक्ताओं से तहसीलदार के माध्यम से रिकवरी करवाई जाएगी। इसके लिए चाहे उपभोक्ता की संपत्ति नीलाम करवानी पड़े। लेकिन विभाग द्वारा पेंडिंग बिलों के पैसे को हर हाल में रिकवर किया जाएगा।
