
रुड़की। एक प्रधानाध्यापक ने बिना बताए प्रबंध समिति के खाते से दो लाख रुपये निकाल लिए। इस संबंध में खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा स्पष्टीकरण तलब किए जाने के बावजूद प्रधानाचार्य ने जवाब नहीं दिया। अब प्रबंधन इस मामले में कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। प्रधानाध्यापक के खिलाफ पहले भी गबन का मामला चल रहा है। इस संबंध में मुकदमा भी दर्ज है।
नारसन के एक राजकीय प्राथमिक विद्यालय के प्रधानाध्यापक ने प्रबंध समिति के खाते से 21 जून को दो लाख रुपये निकाले थे। यह धनराशि किस लिए निकाली और किस मद में खर्च की गई इस बारे में जवाब तलब करने पर भी कोई जानकारी नहीं दी। मामला संज्ञान में आने पर खंड शिक्षा अधिकारी ओपी वर्मा ने 12 अगस्त को प्रधानाध्यापक को पत्र जारी कर तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण मांगा था लेकिन निर्धारित समय में प्रधानाध्यापक ने स्पष्टीकरण नहीं दिया है। खंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि निकाली गई रकम के संबंध में प्रधानाध्यापक ने कोई स्पष्टीकरण नहीं दिया है। इस संबंध में प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई को लेकर उच्चाधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रधानाध्यापक के खिलाफ पहले भी एक गबन का मामला चल रहा है। इस बाबत मंगलौर कोतवाली में मुकदमा दर्ज है। प्रधानाध्यापक मुकदमे में जमानत पर रिहा हुए थे। ताजा मामले में भी उच्चाधिकारियों से निर्देश मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
