
कुल्लू। जिले में इस बार बरसात ने जमकर कहर बरपाया है। अब तक जिले में करीब 200 करोड़ का नुकसान हो चुका है। इसमें अकेले लोनिवि को 100 करोड़ से अधिक की क्षति उठानी पड़ी है। आईपीएच को 25 तथा कृषि और उद्यान विभाग को 70 करोड़ की चपत लगी है। दो माह के भीतर कुल्लू घाटी में मूसलाधार बारिश ने ऐसा कहर बरपाया है कि अभी तक जिले की कई सड़कों पर भूस्खलन का मलबा गिरा हुआ देखा जा सकता है। इसमें से कुछ सड़कें यातायात के लिए पूरी तरह से बहाल भी नहीं हो पाई हैं।
लोनिवि को आनी में सबसे अधिक 45 करोड़ की क्षति झेलनी पड़ी। कुल्लू-एक को 25 करोड़, कुल्लू दो में 30 करोड़ तथा उदयपुर के चिनाब डिविजन में 10 करोड़ की क्षति लोनिवि को उठानी पड़ी है। इसमें कई सड़कों का 50 से 100 मीटर तक नामोनिशान मिट चुका है। जगह-जगह डंगे ढहने और पहाड़ी से भूस्खलन होने से विभाग को खासा नुकसान उठाना पड़ा है।
लोनिवि आनी के एक्सइएन अनिल कुमार शर्मा ने कहा कि बारिश ने सड़काें का स्वरूप बदल कर रख दिया है। लोनिवि कुल्लू के अधीक्षण अभियंता ललित भूषण ने उनके तहत आने वाले क्षेत्र में करीब 60 करोड़ के नुकसान की पुष्टि की है। आईपीएच विभाग की जिले में डेढ़ सौ के करीब पेयजल और सिंचाई योजनाओं को क्षति पहुंची है। इसमें करीब 25 का नुकसान हुआ है। विभाग के अतिरिक्त सहायक अभियंता एसआर आजाद ने कहा कि आनी क्षेत्र में पेयजल योजनाओं को भारी क्षति पहुंची है। उद्यान और कृषि विभाग को करीब 70 करोड़ का नुकसान हुआ है। रिपोर्ट में सेब, पलम, नाशपाती और अनार तथा मक्की, राजमाह, टमाटर और अन्य साग सब्जियों को भी भारी नुकसान हुआ है। जिला उद्यान अधिकारी डा. बीसी राणा ने बताया कि विभाग ने नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेज दी है।
