
बागेश्वर। भारी बारिश से मंगलवार सुबह सरयू और गोमती उफान पर आ गईं। पूरे जिले में सोमवार रात तेज बारिश होती रही। इससे गरुड़ के गांवों व्यापक तबाही हुई। उच्च हिमालयी क्षेत्र में भी लोग भयभीत रहे। हालांकि कही से भी अप्रिय समाचार नहीं है। सरयू और गोमती का जल स्तर मंगलवार की सुबह चार बजे से ही तेजी के साथ बढ़ने लगा था। पुलिस ने तड़के हाई अलर्ट जारी कर नदी किनारे रहने वालों को सतर्क कर दिया। सुबह छह बजे तक घाट की सीढियां सरयू के उफान में जलमग्न हो गईं। इसके बाद घाट का मैदान डूब गया और मंदिर के मुख्य परिसर की सीढियां भी पानी भ गया। चार पिलर और बीमों के सहारे टिका वर्षाकालीन श्मसान घाट भी जलमगभन होने लगा। काल भैरव मंदिर का पूरा आंगन गोमती के पानी से जलमग्न हो गया। वहां स्वच्छक के आवास में भी पानी घुस गया। आसपास के लोग सरयू और गोमती के इस रौद्र रूप को देख सहमे रहे और भगवान बागनाथ से सुरक्षा की कामना करते रहे। काफी देर बाद नदियों का जल स्तर घटने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
