‘इलैक्शन में क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले उम्मीदवारों को नहीं होने देंगे खड़ा’

चंडीगढ़: पंजाब यूनिवर्सिटी में स्टूडैंट काऊंसिल चुनाव के लिए स्टूडैंट आर्गेनाइजेशन ऑफ इंडिया (एस.ओ.आई.) के एजैंडे में मुख्य मुद्दा क्रिमिनल रिकॉर्ड वाले उम्मीदवारों को चुनावों में न खड़े होने देने का है। एस.ओ.आई. के अध्यक्ष गुरदित ढिल्लों का कहना है कि अगर चुनावों में क्रिमिनल रिकॉर्ड वाला कोई उम्मीदवार जीत जाता है तो इससे सबसे ज्यादा नुक्सान आम स्टूडैंट को होगा। व

हीं वाइस प्रैजीडैंट शिखा धीर ने कहा कि स्टूडैंट की हर बात को सुना जाना चाहिए। उनसे जुड़ी समस्या को पी.यू. प्रबंधन द्वारा हल करने की कोशिश की जानी चाहिए। कई बार स्टूडैंट से हुई छोटी सी गलती को भी पी.यू. प्रबंधन माफ नहीं करता जिससे स्टूडैंट का करियर दांव पर लग जाता है तो कई बार पी.यू. प्रबंधन से हुई गलती का शिकार भी स्टूडैंट को होना पड़ता है।

मीडिया इंचार्ज मनवीर चौधरी ने कहा कि एस.ओ.आई. का मकसद सिर्फ स्टूडैंट की भलाई के लिए काम करना है। एस.ओ.आई. लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के आधार पर चलकर काम करने में विश्वास रखती है।

ये भी हैं मुद्दे

.पी.यू. स्थित सभी हॉस्टलों में लाइबे्ररी होनी चाहिए, जिससे देर रात तक जब भी स्टूडैंट चाहे पढ़ सकें हॉस्टलों में लड़के और लड़कियों के लिए बने जिम की हालत में सुधार किया जाना चाहिए ।
.कैंटीन और मैस में साफ सफाई का पूरा ख्याल रखा जाना चाहिए।
.साऊथ कैंपस यानी यू.आई.ई.टी. में मिनी स्टूडैंट सैंटर होना चाहिए। वहां पर भी बड़ी संख्या में स्टूडैंट पड़ते हैं लेकिन वहां पर स्टूडैंट सैंटर न होने की वजह से सभी स्टूडैंट को मेन स्टूडैंट सैंटर में ही आना पड़ता है।
.पी.यू. के लिए स्टूडैंट सैंटर मुख्य आकर्षण का केंद्र है। फिर भी वहां पर स्टूडैंट सैंटर में एक ही वॉशरूम है जिसकी हालत अच्छी नहीं है। स्टूडैंट सैंटर पर बड़ी संख्या पर स्टूडैंट और आऊटसाइडर्स पहुंचते हैं। इसलिए वहां पर और साफ-सुथरे वॉशरूम का इंतजाम होना चाहिए।

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