
बंगाणा (ऊना)। उपमंडल बंगाणा की एक कृषि सहकारी सभा में लाखों रुपये की गड़बड़ी हुई है। इस गड़बड़ी को लेकर पुलिस ने सभा के पूर्व प्रधान चमन लाल की ओर से दायर शिकायत पत्र के आधार पर सभा सचिव के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। गड़बड़झाले को लेकर भादंसं की धारा 420 और 465 के तहत मामला दर्ज हुआ है। पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि शिकायतकर्ता द्वारा जड़े गए आरोपों पर गौर करें तो गड़बड़ी करोड़ के आंकड़े को पार कर सकती है। पुलिस के अनुसार सभा के पूर्व प्रधान चमन लाल ने शिकायत में कहा कि जब वह सभा के प्रधान थे तो उनके जाली हस्ताक्षर कर कृषि सहकारी सभा के चेकों द्वारा बैंक से लाखों रुपये की निकासी हुई। उनकी गैर मौजूदगी में चेकों पर जाली हस्ताक्षर किए गए। उन्होंने आरोप जड़े हैं कि 89 चेक, 53 एफडी और 40 कार्यवाहियों पर फर्जी हस्ताक्षर हुए हैं। फर्जी हस्ताक्षरों के दम पर कुछ बैंक खाते भी खुलवाए गए हैं। चमन लाल ने पुलिस को यह भी बताया कि उन्हें गड़बड़ी का आभास तो था, लेकिन आरटीआई के तहत जुटाई सूचना के बाद उनका शक पुख्ता हो गया। चमन लाल ने पुलिस को बताया कि पूर्व प्रदेश सरकार के समय मुख्यमंत्री के कार्यालय में भी यह मामला छानबीन के लिए पहुंचा था। मुख्यमंत्री कार्यालय से भी एसपी ऊना को जांच पड़ताल के आदेश हुए थे, लेकिन वह जांच पड़ताल नाममात्र की ही हुई। शिकायतकर्ता ने उनके जाली हस्ताक्षर कर लाखों रुपये की गड़बड़ी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए एफआईआर दर्ज कराई है। चमन लाल ने पुलिस को बताया कि उन्होंने पूरे मामले के संदर्भ में शिकायत का एक पुलिंदा मुख्यमंत्री कार्यालय को भी प्रेषित किया है। बताया जा रहा है कि चमन लाल करीब पांच वर्ष तक सभा के प्रधान रहे। माना जा रहा है कि इस गड़बड़झाले में कई और भी नप सकते हैं। थाना प्रभारी रामदास कौशल ने मामला दर्ज होने की पुष्टि करते हुए कहा कि पूरे प्रकरण की बारीकी से छानबीन शुरू कर दी गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस मामले की तह तक जाएगी।
