
रंगस (हमीरपुर)। धर्मशाला-शिमला राष्ट्रीय राजमार्ग पर रविवार देर रात सड़क हादसे में तीन दर्जन यात्री बाल-बाल बच गए। एचआरटीसी की बस पुल तोड़कर लटक गई। थोड़ी सी चूक हुई होती तो बस 100 फीट नीचे खड्ड में गिरी होती। यात्रियों ने बस से सकुशल उतरने के पश्चात राहत की सांस ली और भगवान का शुक्रिया अदा किया। लेकिन इस दौरान परिचालक का कैश बैग खड्ड में बह गया। बैग में टिकटिंग मशीन और हजारों रुपये की नगदी थी। दुर्घटना का कारण बस का पट्टा टूटना बताया जा रहा है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक दुर्घटना रविवार देर रात करीब पौने बारह बजे की है। रिकांगपिओ डिपो की बस धर्मशाला से ठंगी जा रही थी। लोगों की मानें तो बस की गति कुछ अधिक थी, रंगस पुल पर अवरोधक के कारण जंप लगा। संभावना है कि इससे बस का पट्टा टूट गया और बस अनियंत्रित होकर पुल की रेलिंग से टकरा गई। इससे रेलिंग पूरी तरह से टूट गई तथा बस का एक हिस्सा व टायर पुल के बाहर खड्ड में झूलने लगा। गनीमत यह रही कि बस अधिक बाहर नहीं निकली, अन्यथा 100 फीट गहरी खड्ड में जा गिरती और भारी जान-माल का नुकसान हो सकता था।
हादसे के पश्चात बस में सवार यात्रियों को इमरजेंसी डोर से बाहर निकाला गया। एक घंटे बाद यात्री अन्य बसों से गंतव्य की ओर रवाना हुए। दुर्घटना के दौरान परिचालक का कैश बैग बस से बाहर खड्ड में गिर गया। बैग में कितनी राशि थी, प्रबंधन सही आंकड़ा नहीं बता पा रहा है। रात के समय ही क्रेन मंगवाकर बस को हटा लिया गया। पुलिस अधीक्षक जगत राम चौहान का कहना है कि पुलिस ने घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर कार्रवाई शुरू कर दी है।
बस का पट्टा टूटने से हादसा हुआ है। सभी यात्री बाल-बाल बच गए हैं। परिचालक का कैश बैग खड्ड में बह गया है। यात्रियों को दूसरी बस से निर्धारित रूट पर रवाना कर दिया गया।
