
ऊना। उफनती स्वां नदी में वीरवार को सुबह के समय दो बच्चियां फंस गईं। सुबह के समय हुई अचानक बारिश के कारण स्वां नदी का एकाएक जलस्तर बढ़ गया।
बसाल क्षेत्र में उफनती स्वां के बीचोंबीच फंसी दो प्रवासी बच्चियों को होमगार्ड, पुलिस एवं स्थानीय लोगों के सहयोग से एक घंटे से अधिक देर तक चले बचाव कार्य के बाद सुरक्षित निकाला जा सका। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। मिली जानकारी के अनुसार वीरवार को दो प्रवासी बच्चियां स्वां नदी में पानी से अठखेलियां कर रही थीं। इसी दौरान हुई भारी बारिश के कारण स्वां का जलस्तर बढ़ गया। इसके चलते प्रवासी मजदूरों की दोनों बच्चियां बीच में फंस गईं। बच्चियों की पहचान 12 वर्षीय सुलेखा कुमारी और सात वर्षीय पुतल कुमारी के रूप में की गई है। स्थानीय लोगों ने जब पानी में फंसी बच्चियों को देखा तो उन्हें बचाने के लिए कुछ लोग पानी में कूद पड़े। इस बीच पुलिस और दमकल विभाग को भी सूचित किया गया। स्थानीय लोगों में शीतल कुमार, दिनेश कुमार, कृष्ण कुमार व जितेंद्र कुमार निवासी बसाल ने बताया कि उनको जैसे ही स्वां में पानी के तेज बहाव में प्रवासी मजदूरों की बच्चियों के फंसे होने का पता चला तो उन्होंने तुरंत प्रशासन को इसकी सूचना दी तथा स्वयं भी बचाव कार्य शुरू किया। मामले की सूचना मिलते ही ऊना से दमकल विभाग के कर्मी भी मौके पर पहुंच गए। अग्निशमन केंद्र के प्रभारी कमल स्वरूप, हरदयाल, चूहड़ सिंह, पवन कुमार, कुलविंद्र, दलजीत, राकेश तथा पुलिस कर्मियों ने स्थानीय लोगों के सहयोग से स्वां के बीच फंसी बच्चियों को पानी से बाहर निकाला तथा परिजनों के हवाले किया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। उल्लेखनीय है कि जिला प्रशासन ने प्रवासी मजदूरों को खड्डों एवं स्वां के समीप झुग्गियों में न रहने के निर्देश कई दफा दिए, लेकिन इसके बावजूद प्रवासी बिल्कुल भी संजीदा नहीं हैं। वीरवार को हुए घटनाक्रम की पुष्टि करते हुए एसपी ऊना केसी शर्मा ने बताया कि बसाल में दो प्रवासी बच्चियां स्वां नदी में पानी के तेज बहाव में फंस गई थीं। मामले की सूचना मिलते ही सहायता कर्मियों को भेजा गया तथा बचाव दल ने समय रहते प्रवासी मजदूरों की बच्चियों को सही सलामत खड्ड से निकालकर परिजनों को सौंप दिया गया है।
