जल संस्थान की 41 योजनाएं क्षतिग्रस्त

चंपावत। मानसून की बारिश के अभी कम से कम 75 दिन शेष हैं, लेकिन जून मध्य में हुई जबर्दस्त वर्षा से ही जिले में जल संस्थान की 41 पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त हो गईं। जल संस्थान ने फिलहाल इन योजनाओं को आंशिक रूप से संचालित करने का काम शुरू कर दिया है। ताकि लोगों को पेयजल संकट से न जूझना पड़े। जल संस्थान को आशंका है कि यदि आगे तेज बारिश होती है तो योजनाओं को और नुकसान पहुंचेगा।
इस बार 15 से 17 जून तक हुई मूसलाधार बारिश के कारण जिले में कुल 41 पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त हो गईं। कई योजनाओं के पाइप बह गए। पानी की टंकियों को नुकसान पहुंचा है। इनमें 39 योजनाएं ग्रामीण अंचलों में हैं, जबकि चंपावत नगर और लोहाघाट नगर में स्रोतों के पास बने चैंबरों को खासा नुकसान पहुंचा है। जल संस्थान ने आपदा के बाद सभी योजनाओं का प्रारंभिक सर्वे कर लिया है। अधिशासी अभियंता पीसी करगेती ने बताया कि फिलहाल योजनाओं को आंशिक रूप से संचालित किया जा रहा है। बाद में मरम्मत के प्रस्ताव तैयार किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि यदि आगे जोरदार बारिश होती है तो पेयजल योजनाओं को नुकसान पहुंच सकता है।

Related posts