
बरठीं (बिलासपुर)। घुमारवीं उपमंडल के तहत बरठीं गांव में एक और व्यक्ति ने फंदा लगाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर दी है। दो दिन पहले इसी गांव में एक छात्र ने फंदा लगाकर आत्महत्या की थी। दो दिन के भीतर हुई इस घटना से इलाके में सनसनी फैल गई है। बताया जा रहा है कि फंदा लगाने वाला व्यक्ति बीमार चल रहा था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके के लिए रवाना हो गई है।
जानकारी के अनुसार बरठीं गांव के 40 वर्षीय हरि मोहन ने वीरवार दोपहर को अपने घर के कमरे में फांसी लगा ली। हरिमोहन बरठीं चौक में दुकान करता था। हर रोज की भांति वह दोपहर को दुकान से लंच करने के लिए साथ लगते घर आया। उसका पिता रत्न लाल दुकान पर बैठा था। भोजन करने के बाद वह अपने घर की दूसरी मंजिल पर सो गया। थोड़ी देर के बाद जब उसकी पत्नी चाय लेकर गई। काफी देर तक दरवाजा खटखटाने पर भी नहीं खुला तो पत्नी ने खिड़की से कमरे के भीतर प्रवेश किया तो अपने पति को फंदे से लटका देख वह अपनी सुधबुध खो बैठी। उसने घर में लगी लकड़ी की कड़ी पर चारपाई के कमर पट्टे से फांसी लगा ली थी। हरिमोहन दिमागी तौर से परेशान था। उसको जालंधर से दवाइयां लगी हुई थी। उसकी एक बेटा और एक बेटी है। उधर, पुलिस उप अधीक्षक घुमारवीं अंजनी जस्वाल ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस मौके के लिए रवाना हो गई है। इसके बाद ही वास्तविक स्थिति का पता चल सकेगा।
