
चंडीगढ़: पंजाब भर में बन रहे बड़े-बड़े हाऊसिंग प्रोजैक्ट, कालोनियां, शॉपिंग मॉल्स और निर्माणाधीन औद्योगिक इमारतों में नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए भू-जल का इस्तेमाल हो रहा है।
जबकि कुछ दिन पहले ही इस संबंध में दर्ज एक मामले में पंजाब सरकार और पुडा ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट को आश्वासन दिया था कि वे राज्य में निर्माण कार्यों में भू-जल का इस्तेमाल नहीं होने देंगे और ट्यूबवैल पर मीटर लगाए जाएंगे।
ध्यान रहे कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री पंजाब में पानी के लगातार नीचे गिरते स्तर को गंभीर मसला तो मानते हैं पर सरकार के किसी भी विभाग को निर्माण कार्यों में हो रहे भू-जल के प्रयोग को रोकने के लिए अधिकृत नहीं किया है। सरकार ने कुछ समय पूर्व इस पर नजर रखने के लिए सिंचाई विभाग को एक कमेटी बनाने को कहा था लेकिन हुआ कुछ नहीं।
