
पतलीकूहल (कुल्लू)। नथान जीप हादसे में मौत का शिकार हुई गांव की सभी नौ महिलाओं का अंतिम संस्कार कर दिया गया। मंगलवार को करीब पौने चार बजे हुए वाहन दुर्घटना में नथान गांव की नौ महिलाओं की मौत हो गई थी। यह सभी महिलाएं डिपो से राशन लेकर घर लौट रही थीं। लेकिन घर पहुंचने से पहले ही दुर्घटना घट गई।
छोटे से नथान गांव में पेश आए इस हादसे से ग्रामीण उबर नहीं पा रहे हैं। लिहाजा बडे़ बुजुर्गों से सलाह मशविरा करने के बाद सभी महिलाओं का दाह संस्कार मंगलवार रात को ही कर दिया गया।
ग्रामीणों का कहना है कि हादसे के बाद सूरज ढलने तक तो शासन प्रशासन की ओर से कई बड़े-बड़े नेता और अधिकारी हालचाल पूछने आते रहे लेकिन शाम ढलते ही मंजर पूरी तरह बदल गया। समूचे नथान गांव में मरघट सा सन्नाटा पसर गया। हादसे में जान गंवाने वाली निमो देवी, मोहनी देवी, कुसमलता, देविंद्रा, कमला देवी, डोलमा, निर्मला, कमला और बेसरू देवी का मंगलवार रात को ही अंतिम संस्कार कर दिया गया। चालक हीराल का बुधवार को ब्यासतट पर दाह संस्कार किया गया। ग्रामीण हीरालाल, भगतराम, तोतराम, सोहन, प्रेम ओर गांथराम ने बताया कि यह हादसा उन्हें ताउम्र के लिए गहरे जख्म दे गया है। अनहोनी मान कर अपने भाग्य को कोस रहे हैं, तो वहीं इस हादसे को लेकर प्रशासन के प्रति रोष है कि मंगलवार के दिन बस न चलाना आखिर कहां का नियम है। परिवहन मंत्री जीएस बाली का कहना है कि एचआरटीसी की बस को रिपेयर के लिए मंगलवार को बंद रखा जाता है।
