
पिथौरागढ़। दहेज हत्या के एक मामले में जिला एवं सत्र न्यायालय ने आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष से मिली जानकारी के अनुसार 3 सितंबर 2011 को अस्कोट निवासी राजेश चंद ने थाने में अपने किराएदार बीआरओ में तैनात सिपाही उदय कुमार की पत्नी रमैय्या की जलने से मृत्यु होने की सूचना दी। मृतका के पिता रमेशन ने अस्कोट थाने में अपने दामाद केरल निवासी उदय कुमार के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया।
अभियोजन पक्ष ने अदालत में 12 गवाह पेश किए। सोमवार को जिला एवं सत्र न्यायाधीश विवेक बी शर्मा ने आरोपी को आईपीसी की धारा 302 में आजीवन कारावास और 10 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया। जुर्माना अदा न करने पर एक साल का अतिरिक्त कारावास झेलना होगा। दहेज हत्या की धारा 304 बी में 10 साल की कैद के साथ ही 10 हजार रुपया जुर्माना , जुर्माना अदा न करने पर एक साल की कैद, उत्पीड़न की धारा 498 ए में तीन साल कैद और दो हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया। जुर्माना न देने पर तीन महीने की सजा भुगतनी होगी। सभी सजाएं एक साथ चलेंगी।
