
ऊना। प्रदेश विधानसभा के पूर्व उपाध्यक्ष रामदास मलांगड़ ने दावा किया है कि मंडी संसदीय सीट के उपचुनाव में कांग्रेस की जीत होगी। मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के नेतृत्व में सरकार ने पांच माह में प्रदेश की सड़कों की हालत सुधार कर साबित कर दिया है कि विकास कराने के लिए राजनीतिक इच्छा शक्ति की जरूरत होती है। भाजपा के लोग बिना कारण के हल्ला मचाकर जनता को गुमराह करने का प्रयास करते हैं। मलांगड़ वीरवार को स्थानीय विश्राम गृह में आयोजित पत्रकार वार्ता में बोल रहे थे। कहा कि वह मंडी के द्रंग विधानसभा क्षेत्र का दो रोज का दौरा करके अपने गृह क्षेत्र में लौटे हैं। भाजपा के लोग मंडी में अपनी हार को देखकर घबरा गए हैं। कुछ नेताओं ने कुटलैहड़ में पेयजल किल्लत की बात की है, लेकिन इसमें भी जनता को गुमराह करने का प्रयास किया गया है। क्षेत्र में सत्रह पंचायतों के लिए पेयजल योजना बनाई गई थी, लेकिन भाजपा नेता ने अपने सियासी फायदे के लिए इस योजना के प्रारूप से छेड़छाड़ का इस योजना में चार अतिरिक्त पंचायतों को भी जोड़ दिया। अब वही नेता अपनी ही गलतियों को छुपाने और लोगों को गुमराह करने के लिए प्रदर्शन के नाम पर दिखावा कर रहे हैं। भाजपा नेता दावा करते थे कि उन्होंने अपने क्षेत्र में पेयजल की किल्लत को पूरी तरह से दूर कर दिया है तो अब दिक्कत कहां से आई है। सात सौ हैंडपंप तो लगा दिए गए, लेकिन उनसे पानी नहीं बल्कि सियासी लाभ लेने का प्रयास हुआ है। ऊना-भोटा सुपर हाईवे के निर्माण में भी कथित तौर पर धांधली हुई है। भाजपा नेता बंगाणा से धनेटा के बीच सुरंग बनाने की बात करते हैं, लेकिन वे बताएं कि क्या लोगों को लठियाणी से मंदली पुल की जरूरत नहीं है। इस अवसर पर मेहर सिंह, रूमेल कुमार, सुमित शर्मा, रामपाल शर्मा, देवराज, रमेश मल्होत्रा, भारत भूषण, देव धीमान समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
