
नई दिल्ली। दक्षिण जिले के मालवीय नगर में मणिपुरी युवती की संदिग्ध हालत में हुई मौत के मामले की जांच अपराध शाखा को सौंप दी गई है। पुलिस की ओर से धीमी गति से हो रही जांच को देखते हुए छात्र संगठनों और नार्थ-ईस्ट के लोगों ने शुक्रवार रात मालवीय नगर थाने के समक्ष प्रदर्शन किया था। इसके बाद मालवीय नगर थाना पुलिस ने खुदकुशी के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया।
गौरतलब है कि 29 मई को 22 वर्षीय मणिपुरी युवती मेनगमफी की उसके कमरे में संदिग्ध हालत में मौत हो गई। पोस्टमार्टम कराने के बाद मालवीय नगर थाना पुलिस ने ठोस कार्रवाई नहीं की, जबकि युवती के चेहरे पर चोट के निशान थे। विरोध व्यक्त करने के लिए छात्र संगठन के नेतृत्व में छात्र-छात्राएं शुक्रवार को पहले दक्षिण जिला डीसीपी भोला शंकर जायसवाल के हौजखास कार्यालय पहुंचे थे। संतोषजनक जवाब न मिलने पर वहां से तमाम प्रदर्शनकारी छात्र-छात्राएं मालवीय नगर थाने पहुंचे और अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। दिल्ली पुलिस आयुक्त नीरज कुमार के आदेश पर पुलिस ने शनिवार को खुदकुशी के लिए उकसाने का मामला दर्ज कर लिया। इसके बाद जांच अपराध शाखा को सौंप दी गई। इसी के बाद छात्रों ने धरना-प्रदर्शन खत्म किया।
