
धर्मशाला। कांगड़ा घाटी ग्रीष्मोत्सव की दूसरी सांस्कृतिक संध्या नाटी किंग ठाकुर दास राठी के नाम रही। करीब पौने नौ बजे मंच पर जैसे ही नाटियों के सरताज ठाकुर दास राठी का नाम स्टेज पर लिया गया तो पंडाल पर मौजूद हजारों की तादाद में दर्शकों ने राठी-राठी पुकारना शुरू कर दिया। पहाड़ी नाटियों की झड़ी लगाते हुए राठी ने पंडाल में मौजूद युवा वर्ग को खूब नचाया।
उन्होंने अपनी प्रसिद्ध नाटियों में नीरू चली घूमदी, शालू रे क्वाटरा, ओ सुमित्रा, नीली नीली अखियां काजलू लाए, भाई दी सालिए, मेरी श्रीदेविए कौखे चौली तू, मेरी झुमके वाली… आदि कई नान-स्टाप नाटियों की झड़ी लगाकर दूसरी संध्या को यादगार बना दिया। वहीं इससे पहले चंडीगढ़ से आए मशहूर सूफी एवं पंजाबी गायक बलबीर ने भी लोगों का मनोरंजन किया। उन्होंने सारा जग मरदा तेरे ते…, सजना ने जदो बुलाया…, घुम चरखड़िए तैरी कतन वाली जी बल…, मेरा सोणा सजन घर आया, मैंने देयो बधाइयां सखियो… गाने गाकर उपस्थित लोगों का खूब मनोरंजन किया।
वहीं, इंडियन आइडल फेम कृतिका तनवर ने भी संध्या में खूब समां बांधा। पहाड़ी गायिका गीता भारद्वाज के हिमाचली तरानों ने भी खूब वाहवाही लूटी। दूसरी सांस्कृतिक संध्या में मुख्य संसदीय सचिव जगजीवन पाल ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। ग्रीष्मोत्सव के शुभारंभ के मौके पर उपायुक्त सी पालरासू, अतिरिक्त उपायुक्त रोहन ठाकुर, एडीएम राकेश शर्मा, एसपी बलवीर ठाकुर, एएसपी मोहित चावला समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।
मौसम भी रहा अनुकूल
कांगड़ा घाटी ग्रीष्मोत्सव के दूसरे दिन सुबह के समय धर्मशाला शहर में बूंदाबांदी हुई। इससे तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई। आसमां में बादलों के छाने से शहर का मौसम काफी सुहावना हो गया। सुहावने मौसम के बीच धर्मशाला में लोग भी कलाकारों की प्रस्तुतियों पर खूब थिरके।
