
कुल्लू। मनाली के पास प्रस्तावित स्की विलेज को लेकर सरकार की तरह से मिली राहत के बाद सैकड़ों कर्मचारियों की बांछें खिल गई हैं। स्की विलेज पर रोक लगने के बाद यहां पर कार्यरत करीब 150 कर्मचारियों की नौकरी चली गई थी। स्की विलेज प्रबंधन का कहना है कि पुराने कर्मचारियों को नौकरी में प्राथमिकता दी जाएगी
जानकारी के अनुसार स्की विलेज के रद होते ही यहां पर तैनात करीब 150 कर्मचारी बाहर हो गए थे। उन्हें रोजगार के लिए इधर-उधर भटकना पड़ा था। लेकिन अब प्रदेश सरकार की ओर से हाई कोर्ट में स्की विलेज प्रबंधन के खिलाफ किए केस को वापस लेने से इन कर्मचारियों की बांछें खिल उठी हैं।
जानकारी के अनुसार स्की विलेज में करीब 3500 कुशल युवाओं को रोजगार देने का प्रस्ताव था। स्की विलेज में करीब 400 काटेज बनाए जाने थे। इसके अलावा 700 होटल रूम और 20 हजार वर्ग फीट में कन्वेंशन सेंटर विकसित किया जाना है। इसमें 4500 पर्यटकों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं देने का लक्ष्य है। इस प्रोजेक्ट पर करीब 350 मिलियन अमेरिकी डॉलर खर्च किए जाने थे। नवंबर 2005 में कांग्रेस सरकार ने स्की विलेज को मंत्रिमंडल में मंजूरी दी थी और अक्तूबर 2010 में भाजपा सरकार ने प्रोजेक्ट को रद किया था। स्की विलेज के निदेशक अजय डाबरा ने कहा कि स्की विलेज के पुराने कर्मचारी प्रशिक्षित हैं। इसलिए उन्हें नौकरी में प्राथमिकता दी जाएगी।
