
मनाली। पर्यटन नगरी मनाली में पर्यटकों की भारी कमी से आजकल सन्नाटा सा पसरा हुआ है। इससे व्यवसायी चिंतित हो उठेे हैं।
मनाली के तमाम पर्यटक स्थल इन दिनों पर्यटकों से गुलजार रहते थे। लेकिन आजकल खाली और सुनसान पडे़ हैं। हालात ऐसे हो गए हैं कि पर्यटकों की कमी के कारण अनेक होटलों में ताला जड़ने की नौबत तक आ गई है। मनाली में करीब एक हजार से अधिक छोटे और बड़े होटल हैं। लेकिन उत्तराखंड त्रासदी का सीधा असर अब मनाली में देखने को मिल रहा है। पर्यटकों की कमी से परेशान मनाली होटलिर्यज एसोसिएशन ने बुधवार को बैठक कर इस पर मंथन किया। इसमें 90 से अधिक होटल मालिकों ने शिरकत की।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए एसोसिएशन के अध्यक्ष अनूप ठाकुर ने बताया कि अब एसोसिएशन विज्ञापन के जरिये पर्यटकों को लुभाने का प्रयास करेगी। इसके लिए देश की अनेक एजेंसियों से संपर्क किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इसके लिए कुल्लू-मनाली के तमाम गैर सरकारी संस्थाओं और पर्यटन से जुड़ी संस्थाओं से सहयोग लिया जाएगा। कहा कि प्रदेश के पर्यटन विभाग के उच्च अधिकारियों से भी चरचा की गई है लेकिन कोई सकारात्मक जवाब नहीं मिला। इसके लिए सरकार को भी विज्ञापन के जरिये पर्यटकों को लुभाने का प्रयास करना चाहिए। कहा कि गुजरात और महाराष्ट्र पर्यटकों को लुभाने के लिए करोड़ों रुपये विज्ञान पर खर्च करती है लेकिन हिमाचल सरकार इस तरफ ध्यान नहीं दे रही।
