
बड़सर (हमीरपुर)। मैहरे बाजार में एक अजीब मामला सामने आया है। सामान का बिल किसी ओर के नाम है, लेकिन बिल्टी किसी ओर के नाम है। एक दुकानदार राजनीतिक तौर पर बदले के लिए फंसाने का आरोप लगा रहा है। सामान भेजने वाली फर्म पूर्व में भी इसी क्रम में सामान भेजने की बात कह रही है। आबकारी विभाग के निरीक्षण के दौरान खुलासा हुआ। विभाग ने संबंधित व्यापारी को दस्तावेज दिखाने का अवसर दिया है अन्यथा जुर्माना ठोका जाएग। विभाग ने सामान कब्जे में ले लिया है।
मैहरे बाजार में प्रीतम वैल्डिंग वर्क के नाम से सामान की बिल्टी आती है। ट्रांसपोर्ट कंपनी की गाड़ी से सामान दुकानदार प्रीतम के पास छोड़ दिया। सामान बिल्टी जीआर नं 19561 अंबाला गुड्स बुकिंग एजेंसी लुधियाना से जारी हुआ है। सामान में सरिया के पीस काटकर भरे हुए थे। बिल्टी के साथ बिल नं 6851 कालरा ट्रेडिंग कंपनी द्वारा 15858 रुपये का जारी किया है जो किसी अन्य वैल्डिंग वर्क बुंबलू के नाम से जारी हुआ है। बिल में सीएसटी, वैट नं. और टिन नंबर आदि अंकित नहीं किया गया है। प्रीतम चंद ने आबकारी विभाग के निरीक्षक से संपर्क किया तथा जानकारी दी। निरीक्षक ने बिल लेकर सामान डिटेन कर लिया तथा संबंधित दुकानदार को नोटिस जारी कर दस्तावेज जमा करवाने के आदेश दिए हैं।
प्रीतम वैल्डिंग वर्क के मालिक ने बताया कि उसने कालरा कंपनी से संपर्क किया तो पता चला कि उसके नाम से पहले भी इसी तरह से सामान भेजा जाता रहा है। उसके पास पहली बार सामान पहुंचा है। उसने आरोप लगाया कि राजनीतिक षड्यंत्र के चलते उसे फंसाने का प्रयास किया जा रहा है। राजनीतिक द्वेष के चलते पहले भी दुकान में छापेमारी की गई। कांग्रेस में शामिल होने की झूठी बयानबाजी की गई।
बिल जब्त कर सामान डिटेन कर लिया है। सामान के वास्तविक मालिक (जिसके नाम बिल है) को मौखिक तथा लिखित नोटिस जारी कर संबंधित दस्ताबेज प्रस्तुत करने के आदेश दिए हैं, अन्यथा मामले में एकतरफा कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
-वीरेंद्र कुमार, आबकारी कराधान विभाग निरीक्षक
