
भल्याणी (कुल्लू)। लगघाटी के भुट्टी गांव में पहली बार चार क्षेत्रपाल देवताओं का मिलन हुआ है। देवताओं के इस भव्य देव समागम को देखने के लिए इलाके के सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़
उमड़ पड़ी।
जिला की मणिकर्ण घाटी के बलारग गांव के देवता क्षेत्रपाल, उझी घाटी के शिमथान गांव के क्षेत्रपाल, शालंग गांव के क्षेत्रपाल और भुट्टी गांव के देवता क्षेत्रपाल ने एक दूसरे के साथ गले मिलकर भव्य मिलन किया है। ढोल-नगाड़ों व शहनाइयों की स्वर लहरियों की मधुर धुन से पूरी घाटी देवमय हो उठी है। स्थानीय देवता क्षेत्रपाल के कारदार सुंदर सिंह ने कहा कि लगभग 100 साल के बाद देवता का नया रथ तैयार किया गया है। ऐसे में देवता के आदेशानुसार सभी क्षेत्रपाल देवता शरीक हुए हैं। उन्होंने कहा कि देवता ने अपने इन भाइयों को यहां आमंत्रित करने को कहा था।
देवता के पुजारी रमेश ठाकुर ने कहा कि देवता के साथ आए सैकड़ों हारयानों के लिए रहने व खाने पीने की व्यवस्था ग्रामीणों की ओर से की गई है। कारदार सुंदर सिंह ने बताया कि यह पहला अवसर है, जब चार भाइयों का एक साथ मिलन हुआ है। उन्होंने कहा कि यह धार्मिक आयोजन दो दिनों तक चलेगा।
