
आम आदमी पार्टी (आप) ने नई दिल्ली में मुख्यमंत्री की कुर्सी को लेकर भाजपा में चल रही अंदरूनी जंग को भुनाने की कोशिश शुरू कर दी है।
पार्टी के नेता इसे अपने लिए फायदे का सौदा मान रहे हैं।
‘आप’ जहां सोशल नेटवर्किंग साइट्स के जरिए मामले को जमकर उछाल रहा है, वहीं अनौपचारिक बातचीत में पार्टी के एक नेता ने कहा कि अगर विजय गोयल बनाम हर्षवर्द्धन की लड़ाई लंबी खिंचती है तो हमारी रणनीति कारगर होगी।
‘आप’ का मानना है कि भाजपा में अंतर्कलह जितनी बढ़ेगी, उतना ही पार्टी को फायदा मिलेगा। कांग्रेस से नाखुश होकर भाजपा को वोट देने का मन बना रहा आम मतदाताओं का रुझान ‘आप’ की ओर बढ़ेगा।
एक वरिष्ठ नेता ने बताया कि ऑनलाइन प्रचार के साथ ही अब जनसंपर्क के दौरान हमारी कोशिश होगी कि मतदाताओं को भाजपा के अंदर चल रही खींचतान की जानकारी भी दी जाए।
इससे लोगों को यकीन दिलाया जाएगा कि ‘आप’ ही कांग्रेस का विकल्प हो सकती है।
