
सलूणी (चंबा)। विकास खंड सलूणी के बेरोजगारों ने कौशल विकास भत्ता योजना को बेरोजगार युवाओं के साथ एक मजाक करार दिया है और कौशल विकास भत्ते की शर्तों में संशोधन करने की सरकार से मांग की है। इसके अलावा बेरोजगार युवाओं के लिए ठोस नीति बनाने की मांग की है। ऐसा न होने पर उन्होंने लोकसभा चुनावों का बहिष्कार करने को चेताया है। विकास खंड सलूणी के सुंडला स्थित रोजगार कार्यालय में मौजूदा समय में 6825 बेरोजगार युवा पंजीकृत हैं। इसमें से 201 पोस्ट ग्रेजुएट हैं। इसके अलावा 380 ग्रेजुएट, 5863 दसवीं व जमा दो पास युवा पंजीकृत हैं। 367 आठवीं पास और 11 अनपढ़ युवा रोजगार कार्यालय में पंजीकृत हैं। इसमें से कौशल भत्ते के लिए रोजगार कार्यालय से 120 बेरोजगारों ने आवेदन किया है। बेरोजगार युवा अनिल कुमार, वीरेंद्र सिंह, सुरेंद्र सिंह, खेम राज, सुभाष कुमार, पवन कुमार, मदन लाल, विक्की, चेत राम, अनिल कुमार, अशोक कुमार, अमित, टेक चंद, प्रेम चंद और प्रदीप कुमार ने बताया कि वे पढ़ लिखकर सात-आठ साल से घर में बेरोजगार बैठे हैं। उन्होंने कहा कि पढ़े-लिखे बेरोजगार युवाओं के लिए सरकार की ओर से कोई नीति नहीं बनाई गई है। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस ने बेरोजगारी भत्ते का प्रलोभन देकर युवाओं से भद्दा मजाक किया। अब जब भत्ता देने लगे तो कई शर्तें बेरोजगार युवाओं पर थोप दी। उन्होंने कहा कि सरकार ने बेरोजगार युवाओं ने लिए कोई नीति नहीं बनाई, तो वे लोकसभा चुनावों का वहिष्कार करेंगे।
उधर, कार्यकारी जिला रोजगार अधिकारी पीएस चंबियाल ने बताया कि हाल में कौशल विकास भत्ते की शर्तों में सरकार ने संशोधन किया है। अब आठवीं पास और 16 साल वर्ष के युवा भी कौशल विकास भत्ता पाने के हकदार होंगे। इसके अलावा गांवों में दिए जा रहे कटिंग व टेलरिंग का प्रशिक्षण प्राप्त करने वालों को भी कौशल विकास भत्ता मिलेगा।
