
होली (चंबा)। होली-बजोली बिजली प्रोजेक्ट का धरने पर बैठक कर लंबे समय से विरोध कर रही 32 महिलाओं को पुलिस ने महिला पुलिस कर्मियों पर हमला करने एवं कंपनी की मशीनरी की तोड़फोड़ करके कानूनी व्यवस्था बिगाड़ने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया है। ये महिलाएं लंबे अर्से से बजोली-होली पावर प्रोजेक्ट की सुरंग का निर्माण गांवों की ओर करने का विरोध कर रही हैं। इनकी मांग है कि सुरंग का निर्माण दूसरी ओर किया जाए जहां आबादी नहीं है। इन महिलाओं को जबरन काम रोकने पर एडीएम भरमौर पहले ही चेतावनी दे चुकी थे। इसके बावजूद वे विरोध पर अड़ी हुई थीं।
मंगलवार को डीएसपी हैडक्वार्टर जितेंद्र चौधरी की अगुवाई में एक पुलिस दल दो बसों व दो छोटे वाहनों में होली पहुंचा। इससे पहले महिलाएं सुबह करीब साढ़े 11 बजे की नाला में पहुंच गई थीं। पुलिस ने दिन भर महिलाओं को कंपनी से समझौता करने एवं आंदोलन खत्म करने के लिए समझाने का प्रयास किया। महिलाएं नहीं मानीं और महिलाआें ने सोचने के लिए तीन दिन का समय मांगा। इस पर पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए उन्हें गिरफ्तार करने चेतावनी दी और महिलाएं भी गिरफ्तारी देने को तैयार हो गईं। इसके बाद बीच में कुछ लोगों ने पुलिस को आश्वासन दिया कि वह महिलाओं को समझाकर मना लेंगे। इसके चलते कुछ देर के लिए पुलिस ने महिलाओं को गिरफ्तार नहीं किया। इस बीच शाम को जब महिलाआें ने निर्माण कार्य के लिए लगाई गई कंप्रेशर बंद करके काम रुकवाने की कोशिश की तो महिला पुलिस कर्मियों ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस पर महिलाएं भड़की उठीं और पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पहले तो पुलिस उन्हें वाहनों तक लाई और फिर उन्हें पुलिस की गाड़ी में धकेला गया। इस दौरान वाहन पर चढ़ने का विरोध कर रही महिलाओं पर हल्का बल भी प्रयोग किया गया। शाम को छह बजे के करीब पुलिस इन महिलाओं को वाहनों में डाल कर चंबा की ओर ले आई।
इंसेट…
पुलिस ने छीना कैमरा, ठेकेदारों ने धमकाया
होली में प्रदर्शनकारी महिलाओं पर पुलिस की कार्रवाई की कवरेज कर रहे ‘अमर उजाला’ के प्रतिनिधि का डीएसपी से नीचे रैंक के पुलिस अधिकारी ने कैमरा छीन लिया। पुलिस ने महिलाओं पर की जा रही जबरदस्ती की कवरेज से रोकने के लिए ऐसा किया और बाद में महिलाओं को जबरन वाहनों में लादने के बाद कैमरा लौटा दिया। इससे पूर्व भी पुलिस की मौजूदगी में कंपनी के ठेकेदारों ने इस पत्रकार पर हमला करने की कोशिश की और कवरेज करने पर जान से मारने की धमकी दी है। ‘अमर उजाला’ प्रतिनिधि दलीप कुमार ने उसे धमकियां देने एवं बदसलुकी करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ पुलिस चौकी में लिखित शिकायत दे दी है। उधर, पत्रकार के साथ हुए पुलिस के गलत व्यवहार और ठेकेदारों की गुंडागर्दी पर जिला के तमाम पत्रकार संगठनों ने चिंता जाहिर करते हुए इसकी कड़ी निंदा की है और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। एसपी डीके चौधरी ने बताया कि उन्हें इसकी जानकारी नहीं है। अगर ऐसी बात है तो मामले की छानबीन करके उचित कार्रवाई की जाएगी।
