
इस्लामाबाद: प्रतिबंधित तहरीक ए तालिबान ने दो प्रमुख उद्योगपतियों से ‘सुरक्षा राशि’ (प्रोटेक्शन मनी) की मांग की है ताकि उग्रवादियों को जिहाद जारी रखने में मदद मिल सके। इस्लामाबाद स्थित एक उद्योग समूह के मुख्य कार्यपालक अधिकारी को चार पत्र मिले हैं। तालिबान की कथित ‘वित्तीय शाखा’ के लिखे इन पत्रों में 2.5 करोड़ डालर की मांग की गई है। पत्र में भेजने वाले का नाम लिखा है।
इसमें कहा गया है कि जिहाद के लिए धन की जरूरत है और यह राशि दुबई में दी जानी चाहिए। इस पत्र में कहा गया है ‘अगर आप धन देते हैं तो हम आपकी रक्षा करेंगे। अन्यथा, कोई गारंटी नहीं होगी।’ डान अखबार में एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को यह कहते हुए उद्धृत किया गया है कि तालिबान ने धमकी दी है कि उसकी ऑपरेशन शाखा धन न दिए जाने की स्थिति में कार्रवाई करेगी।
पिछले माह तालिबान ने उद्योगपति रजा हनीफ से 10 करोड़ रूपये की मांग की थी। हनीफ पर्यटक रिजार्ट मुर्ररे के निवासी हैं। पुलिस ने कहा कि एक व्यक्ति यह पत्र और एक यूएसबी उपकरण हनीफ के घर देने गया था।
