
हमीरपुर। जिले में नौनिहाल चर्मरोग की चपेट में आ रहे हैं। बदलते मौसम के चलते नौनिहालों में एलर्जी की शिकायत बढ़ रही है। क्षेत्रीय अस्पताल हमीरपुर में प्रतिदिन 60 से 70 शिशु रोगी पहुंच रहे हैं। निजी अस्पतालों और क्लीनिकों में भी रोगी शिशु की तादाद बढ़ रही है।
मौसम के बदलते मिजाज के चलते पांच साल तक के अधिकतर बच्चे स्किन एलर्जी की चपेट में आ रहे हैं। बच्चों के शरीर में खारिश की शिकायत बढ़ रही है। क्षेत्रीय अस्पताल में हररोज 60 से 70 शिशु रोगी पहुंच रहे हैं। निजी क्लीनिकों और अस्पतालों में भी तादाद बढ़ रही है। नादौन अस्पताल में प्रतिदिन 20 से 30 शिशु रोगी, सुजानपुर में करीब 30, बड़सर में 50 से 55, टौणीदेवी में 45 से 50 रोगी प्रतिदिन उपचार को पहुंच रहे हैं। चिकित्सकों की मानें तो बदलते मौसम के चलते रोगियों की तादाद बढ़ी है। समय पर उपचार न मिलने से रोग नुकसानदेह साबित हो सकता है।
ये बरतें सावधानियां
मौसम में बदलाव के चलते रोग पनप रहा है। ऐसे में बच्चों को बंद कमरे से अचानक बाहर लेकर न जाएं। बच्चों की सफाई का विशेष ध्यान रखें। नैपकीन आदि समय पर बदलें। बच्चों को छूने से पहले साबुन से हाथ अवश्य धोएं। बच्चों को खारिश की शिकायत हो तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में उपचार करवाएं।
क्या कहते हैं चर्मरोग विशेषज्ञ
चर्मरोग विशेषज्ञ डा. सतीश प्रेमी का कहना है कि मौसम में बदलाव के चलते एलर्जी की शिकायत आम हो जाती है। इसके लिए बच्चों की सही तरीके से देखभाल करनी चाहिए। अगर बच्चे में एलर्जी की शिकायत होती है तो तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में उपचार करवाएं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. पीआर कटवाल ने बताया कि बच्चों में एलर्जी की शिकायत बढ़ रही है। प्रतिदिन सभी अस्पतालों में काफी तादाद में शिशु रोगी पहुंच रहे हैं।
