निजी बस आपरेटरों ने दिखाई तल्खी

हमीरपुर। डीजल के दामों में बढ़ोतरी होने से निजी बस आपरेटर भड़क गए हैं। किराए में बढ़ोतरी न होने और डीजल के दाम आसमान छूने से निजी बस आपरेटर कंगाली की कगार पर पहुंच गए हैं। वर्तमान में डीजल के दाम 51.68 रुपये प्रति लीटर हो गया है। निजी बस आपरेटरों ने किराए में बढ़ोतरी करने के लिए जल्द ही रणनीति तय करने का निर्णय लिया है।
निजी बस आपरेटर यूनियन हमीरपुर के प्रधान नरेश कुमार दर्जी की मानें तो सरकार डीजल के दामों में मामूली बढ़ोतरी बता रही है। पहले ही महंगाई का दंश झेल रहे निजी बस आपरेटर बर्बादी की कगार पर हैं। विजय ठाकुर के अनुसार प्रदेश सरकार को डीजल के दामों में बढ़ोतरी के बाद अब किराए की दरों में भी बढ़ोतरी करनी चाहिए। महंगाई का सीधा असर बस आपरेटरों पर पड़ रहा है और डीजल के दाम इसी तरह बढ़ते रहे तो आपरेटरों के लिए दो वक्त की रोटी का जुगाड़ करना भी मुश्किल हो जाएगा। राजकुमार का कहना है कि डीजल के दामों में बढ़ोतरी करने और किराए की दरों में बढ़ोतरी न होना वाहन आपरेटरों के साथ भद्दा मजाक है। जल्द किराए की दरों में बढ़ोतरी नहीं हुई तो बस आपरेटरों को बसें खड़ी करने तक की नौबत आ सकती है। यूनियन की मानें तो जल्द ही किराए की दरों में बढ़ोतरी को लेकर रणनीति बनाई जाएगी। यूनियन बैठक कर निर्णय लेगी, इसके बावजूद किराए की दरों में बढ़ोतरी नहीं हुई तो बस आपरेटरों को मजबूरन चक्का जाम करना पड़ेगा। निजी बस आपरेटर यूनियन ने जल्द बस किराए की दरों में बढ़ोतरी की मांग की।
राज्य सरकार को अब किराए बढ़ा देने चाहिए। डीजल के दाम बढ़ने से प्राइवेट वाहन आपरेटरों पर आफत टूट पड़ी है। पहले से ही घाटे में जूझ रहे आपरेटरों पर और अधिक बोझ पड़ गया है।
-नरेश कुमार दर्जी, प्रधान निजी बस आपरेटर यूनियन, हमीरपुर

Related posts