
कुल्लू। शारीरिक शिक्षकों के पदों के लिए तय दो वर्ष के डिप्लोमा की शर्त का बेरोजगार शारीरिक शिक्षक संघ ने कड़ा विरोध किया है। संघ के जिला अध्यक्ष रूपेश शर्मा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश अधीनस्थ चयन बोर्ड हमीरपुर के सौजन्य से शारीरिक शिक्षकों के पदों के लिए दो वर्षीय डिप्लोमा की शर्त रखी है।
उन्होंने कहा कि इससे करीब 15-15 हजार शारीरिक शिक्षक और ड्राइंग शिक्षक के अभ्यर्थी बाहर हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि 1997-98 में सीपीएड के कुछ शारीरिक शिक्षक कुछ नियमित रूप और कुछ पीटीए के माध्यम से अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हैं। इसमें प्रदेश सरकार ने मान्यता प्रदान कर रखी थी। दूसरी शर्त शारीरिक शिक्षक और ड्राइंग शिक्षकों के लिए जमा दो में 50 प्रतिशत अंकों की शर्त भी इन उम्मीदवारों के साथ सरासर अन्याय है। इस मौके पर बेरोजगार शारीरिक शिक्षकों ने शिक्षा विभाग और सरकार से आग्रह किया है कि इन शर्तों को हटाया जाए। इस मौके पर ज्ञान चंद, बंजार से पुष्पराज चौहान, कृष्ण शर्मा, ओम प्रकाश, भूमा देवी, हेमा देवी, दिशु, बेली राम, पीतांबर, दुनी चंद और ठाकुर दास मौजूद रहे।
