
शिमला
हिमाचल में चल रहे 159 निजी तकनीकी संस्थानों की जांच होगी। प्रदेश सरकार ने जांच की शक्तियां देने के लिए केंद्र सरकार से मंजूरी मांगी है। केंद्र सरकार से निजी आईटीआई का पंजीकरण होता है। प्रदेश तकनीकी शिक्षा विभाग को एक या दो कमरों में आईटीआई चलाए जाने की शिकायतें मिली हैं। इन शिकायतों की जांच के लिए संयुक्त निदेशक स्तर के अधिकारियों की अध्यक्षता में जांच कमेटियां बनाई जाएंगी। तकनीकी शिक्षा मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा ने बताया कि कई निजी संस्थानों की लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। सरकार नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ सख्ती बरतेगी।
तकनीकी विभाग के अधिकारियों ने बताया कि शिकायतें मिली हैं कि कई निजी आईटीआई को नियमों के अनुसार नहीं बनाया गया है।
एक या दो कमरों में यह संस्थान चल रहे हैं। केंद्र सरकार से इनका पंजीकरण होता है। प्रदेश सरकार सीधे तौर पर इन संस्थानों पर कार्रवाई नहीं कर सकती है। ऐसे में केंद्र सरकार को पत्र लिखकर इनकी जांच करने के लिए शक्तियां देने की मांग की है। आरोप है कि कई निजी आईटीआई संस्थान केंद्र सरकार से निर्धारित मापदंड भी पूरे नहीं कर रहे हैं। ऐसे में अब इनकी जांच करने का फैसला लिया गया है। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जिला मंडी में बीते दिनों एक विद्यार्थी की निजी आईटीआई में बिजली तार की चपेट में आने से मौत हुई है। इस संस्थान को अब बंद कर दिया गया है। संस्थान खोलने के लिए कई नियमों की अवहेलना की गई है। ऐसे में सभी निजी संस्थानों की जांच करने का फैसला लिया गया है।
