
कुल्लू। क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में स्वास्थ्य सेवा चरमरा गई है। दो दिन से सर्जन डाक्टर छुट्टी पर रहने से मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल की ओपीडी का भी यही हाल है। डाक्टरों का टोटा चल रहा है। शनिवार को एक्सरे मशीन खराब रहने से मरीजों को निजी क्लीनिकों में जाकर एक्सरे करवाने पड़े। यहां एक्सरे करवाने के लिए दोगुने पैसे खर्च करने पड़े। बरसात का मौसम होने से अस्पताल मरीजों से भर गया है। हालत यह है कि भर्ती किए गए मरीजों का उपचार गैलरी में किया जा रहा है। इतना ही नहीं बच्चों का इलाज भी वार्ड की गैलरी में चल रहा है। छह मंजिला भवन मरीजों के लिए छोटा पड़ने लगा है। बिस्तरों की कमी होने से मरीजों का इलाज जहां गैलरियों में हो रहा है, वहीं उन्हें बिस्तर भी अपना लाना पड़ रहा है।
तीन जिलों को स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाने वाले क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू में स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव चल रहा है। डाक्टरों की कमी के साथ-साथ अस्पताल की मशीनरियाें ने भी जवाब देना शुरू कर दिया है। शुक्रवार और शनिवार को दोनों सर्जन चिकित्सकों के अवकाश पर रहने से मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मरीजों को दो दिन तक डाक्टर न मिलने से बिना इलाज करवाए घर लौटना पड़ा।
अस्पताल में उपचार के लिए आई मीना का कहना है कि उसे दो दिन से सर्जन डाक्टर नहीं मिले। उसके पेट में पत्थरी है। उसे बिना उपचार करवाए घर लौटना पड़ा। झाबे राम का कहना है कि अस्पताल में एक्सरे मशीन खराब होने के चलते उसे 60 के बजाय 110 रुपये में बाहर निजी क्लीनिक में जाकर एक्सरे करवाना पड़ा।
चिड्रल्न वार्ड में एक सप्ताह से अपने पोती की देखभाल कर रही कला का कहना है कि उसकी पोती का उपाचार गैलरी में चल रहा है।
अस्पताल के एसएमओ डा. कमल कपूर ने बताया कि यहां डाक्टरों की कमी चल रही है। इसके बारे में आला अधिकारियों और प्रदेश सरकार से पत्राचार किया है। एक्सरे मशीन ठीक है लेकिन कभी प्रोसिंग में थोड़ा समय ले रही है। अन्य समस्याओं को जल्द सुलझाया जाएगा।
