

शहरी आजीविका मिशन से मिलेगा रोजगार
हिमाचल के 10 शहरों में राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन (एनयूएलएम) के जरिये इस साल 4275 युवाओं को स्वरोजगार मुहैया करवाया जाएगा।
किन्नौर और लाहौल स्पीति को छोड़ शेष सभी जिला मुख्यालय इस मिशन के तहत आएंगे। बीपीएल के अलावा आर्थिक तौर पर पिछड़े और कम आय समूहों के लोग भी इसमें पात्र होंगे।
प्रदेश शहरी विकास विभाग के सचिव आरडी नजीम ने बताया कि इसके लिए विभाग लाभार्थी समूहों तक पहुंचने के लिए नेहरू युवा केंद्र के वालंटियर्स की सेवाएं लेगा।
4275 युवाओं को रोजगार का मौका

स्वरोजगार के लिए दिया जाएगा सस्ता लोन
स्किल गैप सर्वे के लिए नेशनल स्किल डेवलपमेंट कारपोरेशन (एनएसडीसी) से एग्रीमेंट किया जाएगा। इस साल 4275 युवाओं को पहले प्रशिक्षण दिया जाएगा और बाद में इन्हें स्वरोजगार के लिए सस्ता लोन दिया जाएगा।
शहरों में रहने वाले स्ट्रीट वेंडर रजिस्टर होंगे। इनके लिए वेंडिंग जोन बनाए जाएंगे, जहां प्री-फेब्रीकेटिड स्ट्रक्चर की दुकानों के जरिये ये अपनी आजीविका कमा सकेंगे।
योजना को लेकर शिमला में शुरू हुई दो दिवसीय वर्कशॉप के पहले दिन सभी 49 शहरी निकायों के प्रतिनिधि इसमें शामिल हुए। एनयूएलएम के अलावा शहरी विकास विभाग की अन्य स्कीमों पर भी चर्चा हुई।
